चाचा ने दरिंदगी कि सारी हदें पार,भतीजे और भतीजी कि हत्या कर आखें भी निकाली

झारखंड के पाकुड़ जिले में रिश्ते के चाचा ने कथित तौर पर आठ साल के अपने भतीजे और 10 साल की भतीजी की गुरुवार रात हत्या कर दी। इतना ही नहीं, दोनों की आंखें भी निकाल लीं। इसकी वजह पुरानी रंजिश तथा जमीन विवाद बताई जा रही है। पुलिस अधीक्षक हृदीप पी जनार्दन ने बताया कि प्रथम दृष्टया जांच में सामने आया है कि अमड़ापाड़ा थाना क्षेत्र के अंबाडीहा मांझी टोला में हुई घटना को बच्चों के चाचा नेहरू मरांडी उर्फ टुरका ने अंजाम दिया, जो घटना के बाद से फरार है।

क्या है मामला

बच्चों के पिता प्रेम मरांडी का कहना है कि गुरुवार की शाम गांव के ही मोहली टोला में भैंसा लड़ाई का आयोजन था. प्रेम मरांडी भी वहां गए थे. इस दौरान उनका चचेरा भाई नेहरू मरांडी भी वहां मौजूद था. प्रेम ने बताया कि भैंसा लड़ाई देखने के बाद वह किसी काम से कहीं चले गए तो उनका चचेरा भाई नेहरू उर्फ टुरका उनके घर पहुंचा.

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नेहरू ने प्रेम के बच्चों 10 साल की मर्शिला मरांडी और उसके छोटे भाई 9 साल के बाबूलाल मरांडी को बताया कि उनके पिता शराब पीकर कहीं गिर गए हैं. टुरका की बात मानकर दोनों भाई-बहन अपने चचेरे चाचा के साथ पिता को ढूंढने चले गए. जब प्रेम अपने घर पहुंचा तो उसे पता चला कि टुरका उनके घर आया था और दोनों बच्चों को झूठ बोलकर अपने साथ ले गया. इसके बाद बच्चों को ढूंढने का प्रयास किया गया. शुक्रवार सुबह को दोनों बच्चों के शव क्षत-विक्षप्त हालत में गांव के खेतों में पाए गए.

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बालिका का शव नग्न अवस्था में था और उसकी एक आंख निकाली हुई थी और कान भी कटे हुए थे. इसी तरह बच्चे की भी एक आंख निकाली हुई थी और कान कटे हुए थे. बच्चों की हत्या गला घोंटकर की गई है. घटना के बाद से गांव में तनाव का माहौल है. बच्चों के शव मिलने के बाद से टुरका फरार है और पुलिस ने उसके भाई गोमस्ता मरांडी, पिता प्रधान मरांडी और मां पूर्ति हंसदा को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस इसकी भी जांच कर रही है कि आरोपी ने बच्चों की आंख क्यों निकाली और कान क्यों काटे? मामले की जांच के लिए मेडिकल बोर्ड बनाया गया है. पुलिस इस मामले में पूरी पारदर्शिता के साथ व वैज्ञानिक तरीके से अनुसंधान में जुटी है। कैमरे की निगरानी में मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में चिकित्सक की चार सदस्यीय टीम द्वारा पोस्टमार्टम भी कराया गया है। एसडीपीओ नवनीत ए. हेम्ब्रम के नेतृत्व में मामले को लेकर एसआईटी का भी गठन किया गया है।