हिंदू-मुसलमान विवाद इस तरह छिड़ा ,गांव छोड़ रहे हिंदू

मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के रतलाम (Ratlam) से लगा सुराना गांव इस समय सुर्खियों में छाया हुआ है. रतलाम से 12 किलोमीटर दूर बसे इस गांव में हिंदू-मुसलमान विवाद अब इतना बढ़ गया है. कि हिंदुओं ने गांव छोड़कर जाने की धमकी तक दे दी है. हिंदुओं का कहना है कि वो गांव से पलायन कर जाएंगे और साथ ही अपनी पुश्तैनी संपत्ति भी बेच देंगे. हिंदुओं का कहना है वो ऐसा इसलिए कह रहे हैं क्योंकि मुस्लिम उन्हे प्रताड़ित कर रहे हैं. हिंदी अखबार दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार सुराना 1588 लोगों की आबादी वाला गांव है. यहां 60% आबादी मुस्लिम, बाकी हिंदू और अन्य हैं. हिंदुओं में अधिकतर जाट तेली, धाकड़, और दलित हैं.गांव में दोनों ही

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समुदायों के लोगों का पेशा खेती और पशुपालन है.

गांव के बुजुर्ग नाथूलाल और बाबूलाल जाट बताते हैं कि गांव में पहले कभी प्यार और भाईचारा नहीं बिगड़ा. अब नई उम्र के लड़के छोटी-छोटी बातों पर आपस में उलझ रहे हैं. 20-25 साल पहले सुराना गांव में मुस्लिम आबादी कम थी, लेकिन पिछले कुछ सालों में मुस्लिम समाज की आबादी बढ़कर 60% हो गई.हमारा मजाक बना गालियां देते हैं दूसरे समुदाय के लोग: ग्रामीण मुकेश ने कहा, ‘जब मैंने इसे लेकर एफआईआर दर्ज कराई तो पुलिस ने मेरे खिलाफ भी मामला दर्ज कर दिया। गांव के लोग खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करते हैं।’ एक अन्य ग्रामीण ओमप्रकाश पटेल ने कहा, ‘मुस्लिम समुदाय के कुछ सदस्य हमें परेशान कर रहे हैं। वे हमारा मजाक उड़ाते हैं और तेज रफ्तार से बाइक निकाल कर हमें गालियां देते हैं। वे हमारे घरों के पास कचरा फेंकते हैं और घरों के सामने थूकते हैं।’

इससे पहले गांववालों के एक प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम को एक ज्ञापन सौंपा और मांग की कि उन्हें अन्य स्थान पर रहने के लिए जगह मुहैया करायी जाए। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी एमएल आर्य ने इस संबंध में मीडिया से कहा कि सुराना की समस्या संज्ञान में आई है। इसके हल के लिए एक जांच टीम बनाकर जांच करवाएंगे और बातचीत से समस्या का समाधान करेंग

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छोटी-छोटी बात को सांप्रदायिक रंग दे रहे कुछ लोग:

मयूर खानवहीं दूसरी ओर मुस्लिम समुदाय के लोगों का कहना है कि लोगों का एक समूह, विशेष रूप से मुकेश जाट हर छोटी-छोटी बात को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश कर रहा है। मयूर खान ने कहा, ‘पिछले दो सालों से मुकेश जाट कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर गांव में सांप्रदायिक तनाव पैदा करने की कोशिश कर रहा है। उन लोगों ने मुस्लिम समुदाय के लोगों के खिलाफ कम से कम आधा दर्जन शिकायतें दर्ज कराईं। 16 जनवरी को भी मुकेश ने मुझसे लड़ाई की और बाद में मेरे खिलाफ फर्जी शिकायत दर्ज कराई।’।’

अपराधियों के खिलाफ होगी एनएसए के तहत कार्रवाई: SPमामले में एसपी गौरव तिवारी ने कहा, ‘गांव में एक पुलिस चौकी स्थापित की जाएगी जहां कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 10 पुलिसकर्मी हमेशा मौजूद रहेंगे।’ उन्होंने कहा, ‘गांव में सांप्रदायिक तनाव का कोई इतिहास नहीं है, लेकिन पिछले कुछ महीनों से कुछ असामाजिक तत्व परेशानी पैदा कर रहे हैं, इसलिए हम अपराधियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (एनएसए) के तहत भी कार्रवाई कर रहे हैं।’ आपको बता दें कि सुराणा गांव की आबादी 2200 से अधिक है और 60% मुस्लिम हैं और वहां 40% हिंदू हैं।

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ग्रामीणों से डीएम-एसपी ने की बात

दूसरी ओर बुधवार सुबह रतलाम के डीएम- एसपी गांव सुराणा पहुंचे और दोनों समुदायों के लोगों और ग्रामीणों के साथ एक-एक कर चर्चा की। चर्चा के बाद डीएम ने कहा कि लोगों मे अविश्वास का भाव पैदा हुआ है, उसे दूर किया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘गांव में कुछ जगह अतिक्रमण किया हुआ है, उसकी जांच कर उसे तोड़ा जाएगा। प्रथम दृष्टया दो लोगों के विवाद को दो समुदायों के विवाद का रंग दिया गया। सामान्य मारपीट की घटना पर पलायन की बात हो, यह स्वीकार्य नहीं है।

गृहमंत्री ने कही यह बात

इधर मामले के उजागर होने के बाद राज्य के गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा, ‘राज्य में शांति-व्यवस्था बनाए रखना हमारा कर्तव्य है। सुराना गांव का मामला गंभीर है और किसी को भी इससे डरने की जरूरत नहीं है। प्रशासन इस मामले को सुलझा लेगा। गृहमंत्री के आदेश के बाद रतलाम के जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक गौरव तिवारी ने गांव वालों के साथ एक बैठक की है। जिला कलेक्टर ने कहा कि हम मामले को सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं।