मध्य प्रदेश में हाल ही में पांच फर्जी अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया है, जिन्होंने लाखों रुपये की ठगी की। इनमें तृप्ति सिंह राजपूत ने खुद को आईएएस और MPSTDC की एडिशनल डायरेक्टर बताया, वहीं आठवीं पास विकास गौतम ने सोशल मीडिया पर खुद को आईपीएस अधिकारी दर्शाया। एम.टेक पासआउट ऋषि कुमार यादव ने गलत स्पेलिंग वाले नियुक्ति पत्र के कारण पोल खुलने पर गिरफ्तारी हुई। हिमांशु पांचाल ने ‘आईएएस राज सोनी’ बनकर इंदौर के होटलों और ड्राइवरों को निशाना बनाया। दिल्ली निवासी अतुल कुमार ने खुद को नागरिक उड्डयन मंत्रालय का संयुक्त सचिव बताकर उज्जैन के महाकाल मंदिर में वीआईपी सुविधा का दबाव बनाया।
इंदौर में कांग्रेस ने महापौर पुष्यमित्र भार्गव और भाजपा परिषद के चार साल के कार्यकाल की नाकामियां गिनाते हुए उन पर हमला बोला है। शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे और नेता प्रतिपक्ष सोनिला मिमरोट ने पत्रकार वार्ता में बेलेश्वर मंदिर बावड़ी और भागीरथपुरा में दूषित पानी से कुल 72 मौतों के लिए महापौर को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने नगर निगम पर 600 करोड़ रुपये से अधिक के सरकारी बकाया और वित्तीय संकट का भी आरोप लगाया। कांग्रेस ने घोटालों, टैक्स वृद्धि और बदहाल व्यवस्थाओं का जिक्र करते हुए महापौर व परिषद से जनता से माफी मांगने की मांग की।