प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बैंक धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में इंदौर निवासी आलोक शारदा सहित अन्य आरोपियों की 13 करोड़ रुपए की 18 अचल संपत्तियां जब्त की हैं। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के तहत की गई। आरोपियों ने मानपुर स्थित शारदा वेयरहाउस में वेयरहाउस फाइनेंस स्कीम का दुरुपयोग कर आईडीबीआई बैंक को 14 करोड़ का नुकसान पहुंचाया। मेसर्स किसान धन एग्री फाइनेंशियल सर्विसेज भी 12 करोड़ के वेयरहाउस रिसीट फाइनेंस घोटाले में शामिल थी।
मंडला के बहुचर्चित डबल मनी प्रकरण में कोतवाली पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन पर कम समय में जमा पूंजी दोगुनी करने का लालच देकर लोगों से 1.75 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने का आरोप है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 32 लाख रुपये नकद सहित करीब 66.50 लाख रुपये का माल जब्त किया है। विशेष टीमों ने नागपुर, गोंदिया, मुंबई और बालाघाट सहित विभिन्न स्थानों पर तलाश के बाद गोंदिया, बालाघाट और मंडला में दबिश देकर गिरफ्तारियां कीं। मुख्य आरोपी राजिक कुरैशी पर नागपुर में भी धोखाधड़ी का मामला दर्ज है। पुलिस निवेशकों की पहचान और वित्तीय लेन-देन की जानकारी जुटा रही है।