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1.21 लाख मेधावी विद्यार्थियों के खातों में 25-25 हजार रुपए ट्रांसफर

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लैपटॉप वितरण कार्यक्रम में 10 मेधावी विद्यार्थियों को लैपटॉप प्रदान किए, जबकि 1.21 लाख विद्यार्थियों के खातों में 25-25 हजार रुपए ट्रांसफर किए गए। इस वर्ष कुल 304 करोड़ 98 लाख 50 हजार रुपए से अधिक की राशि लैपटॉप के लिए दी जाएगी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने अपने संघर्ष के दिन साझा किए और विद्यार्थियों से उनके भविष्य के सपनों पर चर्चा की। परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने बताया कि सरकारी स्कूलों में दाखिला बढ़ा है और अब तक 6 लाख विद्यार्थियों को लैपटॉप योजना का लाभ मिल चुका है। सरकार 18 हजार शिक्षकों की भर्ती की तैयारी भी कर रही है।

आयुष्मान योजना से जुड़ने वाले अस्पतालों के लिए अनकट वीडियो अनिवार्य

मध्य प्रदेश में आयुष्मान भारत निरामयम् योजना के तहत अस्पतालों के लिए नए नियम लागू किए गए हैं। अब नए एम्पैनलमेंट या विशेषज्ञता बढ़ाने हेतु आवेदन करने वाले अस्पतालों को तीन मिनट का अनकट वीडियो देना अनिवार्य होगा, जिसमें अस्पताल की सभी सुविधाओं का फिल्मांकन हो। इसके अतिरिक्त, अस्पतालों के लिए हेल्थ फैसिलिटी रजिस्ट्री (एचएफआर) आईडी और स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए हेल्थ प्रोफेशनल रजिस्ट्री (एचपीआर) आईडी भी अनिवार्य की गई है। योजना से जुड़े अस्पतालों को तीन माह के भीतर मेडिकल रिकॉर्ड का डिजिटलीकरण भी करना होगा।

मध्य प्रदेश की 23,011 पंचायतों को ग्रेडिंग, विकास बजट श्रेणी के अनुसार

मध्य प्रदेश की 23,011 ग्राम पंचायतों को अब उनके विकास के लिए श्रेणीकरण के आधार पर बजट मिलेगा, जिससे भेदभाव समाप्त होगा। विकसित भारत योजना-रोजगार एवं आजीविका मिशन के तहत पंचायतों को ए, बी और सी श्रेणियों में बांटा गया है, जिसमें 1,000, 8,000 और 14,000 पंचायतें शामिल हैं। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने इस श्रेणीकरण को स्वीकृति दे दी है। नौ सूचकांकों और 100 अंकों की ग्रेडिंग के आधार पर यह वर्गीकरण किया गया है।

मध्य प्रदेश के सभी एसएनसीयू में लगेंगी ईको मशीनें, बच्चों में जन्मजात हृदय रोगों की पहचान होगी आसान

मध्य प्रदेश में बच्चों में जन्मजात हृदय रोगों, जैसे दिल में छेद, की शीघ्र पहचान के लिए सभी नवजात शिशु गहन चिकित्सा इकाइयों (एसएनसीयू) में ईको मशीनें लगाई जा रही हैं। वर्तमान में निदान में देरी होती है, जिससे बच्चों को गंभीर स्थिति में मेडिकल कॉलेजों में जांच के लिए भेजना पड़ता है। प्रारंभिक चरण में छह मशीनें खरीदी गई हैं, जिन्हें खरगौन, बड़वानी और विदिशा सहित छह जिला अस्पतालों के एसएनसीयू में स्थापित किया जाएगा। शिशु रोग विशेषज्ञों को ईकोकार्डियोग्राफी का प्रशिक्षण दिया जाएगा, और राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत निःशुल्क उपचार उपलब्ध होगा।

महाराष्ट्र में गणेश उत्सव के लिए 2,900 मुफ्त एसटी बसें शुरू: डिप्टी सीएम शिंदे

महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने गणेश उत्सव के मद्देनजर 2,900 एसटी बसों की मुफ्त सेवा शुरू की है। यह पहल कोंकण क्षेत्र तक भक्तों की परेशानी मुक्त यात्रा सुनिश्चित करने के लिए की गई है। शिंदे ने हर साल मुफ्त बस सेवा की प्रतिबद्धता दोहराई। वहीं, पुणे के चिंचवड़ सबस्टेशन में रविवार को आग लगने से पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ के बड़े हिस्सों में बिजली आपूर्ति बाधित हुई, जिससे 3.10 लाख उपभोक्ता प्रभावित हुए। कई क्षेत्रों में आपूर्ति दोपहर 3 बजे तक बहाल कर दी गई।

मध्य प्रदेश: निर्माण श्रमिकों के मेधावी बच्चों को 7500 रुपये मासिक छात्रवृत्ति

मध्य प्रदेश सरकार ने ‘भवन एवं अन्य सन्निर्माण श्रमिक श्री मेधा छात्र उन्नयन योजना’ शुरू की है। इसके तहत निर्माण श्रमिकों के मेधावी बच्चों को उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रति माह 7,500 रुपये की वित्तीय सहायता मिलेगी। यह राशि ट्यूशन फीस, अध्ययन सामग्री, हॉस्टल खर्च और कोचिंग के लिए उपयोग की जा सकेगी। प्रारंभिक चरण में 600 विद्यार्थियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य है, जिनमें छात्राओं के लिए 20% सीटें आरक्षित होंगी। योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को पढ़ाई जारी रखने में मदद करना है।

मध्य प्रदेश में सर्पदंश स्थानीय आपदा घोषित, अस्पतालों में एंटी-वेनम अनिवार्य; प्रत्येक जिले को 23.17 लाख रुपये आवंटित

मध्य प्रदेश शासन ने वर्षा ऋतु में सर्पदंश की बढ़ती आशंका के मद्देनजर इसे स्थानीय आपदा घोषित किया है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने सभी जिलों को कार्ययोजना बनाने और सरकारी अस्पतालों में एंटी-वेनम व जीवनरक्षक दवाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, स्थानीय स्तर पर सर्प-मित्रों का नेटवर्क तैयार करने और सर्पदंश की घटनाओं का जिला स्तरीय डाटाबेस बनाने को कहा गया है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रत्येक जिले को प्रशिक्षण एवं क्षमता वृद्धि हेतु 23.17 लाख रुपये आवंटित किए गए हैं, और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के भी निर्देश हैं।

मध्य प्रदेश में दो दशक बाद सरकारी बस सेवा का पुनर्गठन

मध्य प्रदेश में लगभग दो दशक बाद सरकारी बस परिवहन व्यवस्था का पुनर्गठन किया जा रहा है, जिसका शुभारंभ 25 सितंबर को होगा। यह ‘मुख्यमंत्री सुगम परिवहन बस सेवा’ पीपीपी मॉडल पर आधारित होगी और इसका उद्देश्य डेटा, तकनीक तथा निजी भागीदारी के माध्यम से संचालन, निगरानी एवं इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करना है। मुख्यमंत्री ने इंदौर में इसकी घोषणा की थी। योजना के तहत प्रदेश के 55 जिलों में 1036 रूट चिह्नित किए गए हैं, जिनमें इंदौर से 23 रूट शामिल हैं। इसमें इलेक्ट्रिक बसों का संचालन, यात्री सुरक्षा और ग्रीन मोबिलिटी पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

स्वामित्व योजना की निःशुल्क रजिस्ट्री अटकी, पटवारी-तहसीलदारों ने उप पंजीयक की शक्तियां लेने से किया इनकार

स्वामित्व योजना के तहत निःशुल्क रजिस्ट्री 17 सितंबर से शुरू होने के बावजूद 72 घंटे बाद भी शुरू नहीं हो पाई है। पटवारी, तहसीलदार और नायब तहसीलदारों ने उप पंजीयक की शक्तियां लेने से इनकार कर दिया है, जिससे प्रदेश के 55 जिलों में रजिस्ट्री का आंकड़ा शून्य है। आयुक्त भू-अभिलेख निधि निवेदिता ने संघ प्रतिनिधियों से मुलाकात की, जहां अधिकारियों ने कानूनी मामलों में फंसने और त्रुटि सुधार के स्पष्ट रास्ते न होने जैसी आपत्तियां उठाईं। आयुक्त ने आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं को सरकार तक पहुंचाया जाएगा, लेकिन तब तक काम शुरू करने का आग्रह किया।

मध्य प्रदेश में आयुष इंटर्न डॉक्टरों का प्रदर्शन, स्टाइपेंड बंगाल से 23,700 रुपये कम

मध्य प्रदेश में आयुष इंटर्न डॉक्टर अपने कम मासिक स्टाइपेंड को बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। वर्तमान में उन्हें प्रतिमाह 9,383 रुपये मिलते हैं, जो बंगाल के 33,099 रुपये से 23,700 रुपये कम है। मंगलवार को 100 से अधिक डॉक्टरों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर विरोध दर्ज कराया और अन्य राज्यों से तुलनात्मक आंकड़े प्रस्तुत किए। यह आंदोलन गांधी मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों के सफल स्टाइपेंड वृद्धि के बाद हो रहा है, जिन्होंने 21,500 रुपये प्रतिमाह की बढ़ोतरी हासिल की थी।