मध्य प्रदेश में स्कूली शिक्षा की जमीनी हकीकत चिंताजनक है, जहां 12वीं की पढ़ाई पूरी करने से पहले ही 62.7% बच्चे स्कूल छोड़ रहे हैं। यूडाइस रिपोर्ट के अनुसार, राज्य का Retain Rate घटकर 37.3% रह गया है, जबकि राष्ट्रीय औसत 51.9% है। बीते सत्र में 15.25 लाख बच्चे स्कूलों से गायब थे, और इस साल 11.12 लाख छात्र ‘ड्रॉपबॉक्स’ में शामिल हैं। प्राथमिक विद्यालयों को बंद करने और स्कूलों के मर्जर से बढ़ी दूरी को इसका एक प्रमुख कारण बताया गया है, जिससे गरीब परिवारों को बच्चों की पढ़ाई छुड़ानी पड़ रही है।