ग्वालियर के कारोबारी ओमप्रकाश कुकरेजा से मुंबई के फिल्म निदेशक मुरली लालवानी ने भोजपुरी फिल्म बनाने के नाम पर 12.9 लाख रुपये की धोखाधड़ी की। वर्ष 2020 में मुरली ने ‘रामबाबू-श्यामबाबू’ नामक फिल्म बनाने का प्रस्ताव दिया था और कम लागत व अधिक मुनाफे का लालच देकर ओमप्रकाश से 12.9 लाख रुपये ले लिए। कोरोना काल के कारण काम रुकने के बाद, 2023 में ओमप्रकाश ने दोबारा फिल्म शुरू करने को कहा और एक अनुबंध भी हुआ। हालांकि, शूटिंग नहीं हुई और रुपये वापस मांगने पर मुरली ने ओमप्रकाश को बदनाम करना शुरू कर दिया।