BREAKING NEWS
2026-08-10

ओंकारेश्वर में ‘जय हिंदू राष्ट्र कांवड़ यात्रा’ का शुभारंभ, हजारों कांवड़िए खंडवा रवाना

bulandsochnews Senior News Reporter

बुलंद सोच, ओंकारेश्वर।

ओंकारेश्वर के गणेश नगर बस स्टैंड पर शनिवार को ‘जय हिंदू राष्ट्र कांवड़ यात्रा’ का शुभारंभ किया गया। इस दौरान हजारों कांवड़िए नर्मदा जल लेकर खंडवा के लिए रवाना हुए।

मां नर्मदा के पावन तट के सभी घाट भगवा वस्त्र धारण किए कांवड़ियों से भरे हुए नजर आए।

Advertisement

यात्रा के शुभारंभ से पूर्व कांवड़ियों ने भगवा ध्वज का पूजन किया और श्री हनुमान चालीसा का पाठ किया।

बस स्टैंड पर महादेवगढ़ मंदिर के पुजारी पंडित अश्विन खेड़े ने सभी के साथ मिलकर श्री हनुमान चालीसा का पाठ संपन्न कराया, जिसके साथ भगवा ध्वज का भी पूजन किया गया।

इसके बाद संत-ब्राह्मण पूजन हुआ, जिसमें संतों ने सभी कांवड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए आशीर्वचन प्रदान किए।

इस अवसर पर षट् दर्शन मंडल, ओंकारेश्वर से श्री मंगलदास जी महाराज, महंत श्री रामदास जी महाराज और महामंडलेश्वर स्वामी श्री श्याम चेतन पुरी जी महाराज उपस्थित रहे।

संतों के आशीर्वचन के पश्चात कांवड़ यात्रा में शामिल कांवड़ों का पूजन किया गया।

इस वर्ष यात्रा में एक लीटर से लेकर 11, 21, 51, 101, 151 और 501 लीटर नर्मदा जल की कांवड़ शामिल हैं। इन कांवड़ों का विशेष रूप से श्रृंगार किया गया है, जो पूरे यात्रा मार्ग में लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।

महादेवगढ़ मंदिर के संरक्षक अशोक पालीवाल ने सभी कांवड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि नेपाल की तरह भारत भी शीघ्र हिंदू राष्ट्र बने, इसके लिए युवाओं को आगे आना चाहिए।

उन्होंने कहा कि ऐसे विचारों और अनुष्ठानों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने के साथ ही मां भारती को परम वैभव पर पहुंचाने का संकल्प भी हम लेंगे। पालीवाल ने बताया कि इस कांवड़ यात्रा का यही मुख्य उद्देश्य है।

उन्होंने प्रत्येक कांवड़िया से आग्रह किया कि कांवड़ का जल चढ़ाने के बाद महादेवगढ़ में चल रहे श्री हनुमत शक्ति जागरण महा अनुष्ठान में स्वयं हनुमान चालीसा का पाठ कर आहुति भी डालें।

कांवड़ पूजन में कांवड़ यात्रा संयोजक चाहत सिंह तोमर, संकेत जोशी, कुश पालीवाल, विशाल पासी, मनीष पालीवाल, अजय पटेल, शुभम पटेल, अजय राजपूत, महिपाल सिंह, गोलू सिसोदिया, आनंद पटेल और जितेंद्र गौड़ ने सहभागिता की।

यात्रा में सबसे आगे संदीप जी धोपे भगवा ध्वज लेकर चल रहे हैं।

इस कांवड़ यात्रा में छोटी उम्र के बच्चों से लेकर बड़ी उम्र के बुजुर्ग तक शामिल हैं।

यह कांवड़ यात्रा ओंकारेश्वर से प्रारंभ होकर खंडवा में समाप्त होगी।