रतलाम में ईद मिलादुन्नबी के जुलूस के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ पार्षद और सीरत कमेटी के अध्यक्ष नासिर कुरैशी का निधन हो गया। लगभग 64 वर्षीय कुरैशी वर्ष 1999 से चार बार पार्षद चुने गए थे। बुधवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे कुरैशी मंडी आबकारी रोड से शुरू हुए जुलूस में वे समाज के वरिष्ठजनों का स्वागत कर रहे थे। सुबह लगभग 11:30 से 11:45 बजे के बीच उनकी तबीयत बिगड़ी और वे अचेत हो गए। उन्हें तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक उनका इंतकाल हो चुका था। उनके निधन से शहर में शोक की लहर फैल गई और उनके वार्ड में ईद मिलादुन्नबी के कार्यक्रम रद्द कर दिए गए।
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने सागर के पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने पत्रकार वार्ता में एसपी पर प्रतिमाह 50 लाख रुपये की अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए ईओडब्ल्यू जांच की मांग की। सिंह ने जहरीली शराब कांड के बाद प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर शराब माफिया को राजनीतिक, प्रशासनिक और पुलिस संरक्षण मिलने का आरोप लगाया। उन्होंने न्यायिक जांच पर भी सवाल उठाए और चार प्रभावित परिवारों को गोद लेने की घोषणा की। इस बीच, खंडवा में जंगल में अतिक्रमण को लेकर हुए संघर्ष में एक सरपंच पति की हत्या हुई और तीन आरोपी गिरफ्तार किए गए।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी 19 सितंबर को इंदौर में ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के तहत युवाओं से संवाद करेंगे। ग्वालियर-चंबल अंचल से भागीदारी को लेकर कांग्रेस नेताओं के दावों में भिन्नता सामने आई है। राज्यसभा सदस्य अशोक सिंह ने तीन हजार से अधिक पंजीकरण का दावा किया है, जबकि शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुरेंद्र यादव ने ग्वालियर शहर से लगभग 250 युवाओं के रवाना होने की जानकारी दी है। कार्यक्रम में 35 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों के प्रवेश पर प्रतिबंध है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद ने बाबरी मस्जिद विध्वंस के समय तत्कालीन सरकार द्वारा अपनाए गए रणनीतिक संयम को बाद में संभवतः एक गलती बताया है। उन्होंने कहा कि सत्ता में लिए गए कई फैसले उस समय सही लगते हैं, लेकिन पीछे मुड़कर देखने पर उनमें सुधार की गुंजाइश दिखती है। खुर्शीद ने वकील जावेद गाया की पुस्तक ‘हार्टलैंड राइजिंग’ के लोकार्पण पर बोलते हुए यह टिप्पणी की। उन्होंने विभाजन और उत्तर प्रदेश की राजनीति का भी जिक्र किया। शिक्षाविद अपूर्वानंद ने भी आजादी के बाद की राजनीति और वैचारिक समझौतों पर सवाल उठाए, जिस पर खुर्शीद ने राष्ट्रीय चरित्र से जुड़ा सवाल बताया।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लोकसभा सांसद मनीष तिवारी ने भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने दावा किया कि भारत अब वास्तविक अर्थों में लोकतंत्र नहीं रहा, क्योंकि जनता की इच्छा का प्रतिनिधित्व करने वाली संस्थाएं कमजोर हो गई हैं। तिवारी ने कहा कि संसद सत्ता हासिल करने का अखाड़ा बन गई है और लोकतांत्रिक व्यवस्था में बुनियादी बदलाव आवश्यक हैं। उन्होंने लोकसभा के कामकाज के आंकड़े साझा करते हुए बताया कि 17वीं लोकसभा के बैठक के दिन काफी कम रहे और अधिकांश हंगामे में प्रभावित हुए। उन्होंने 18वीं लोकसभा के विधायी कामकाज ठप होने की आशंका भी जताई।