भोपाल में एक महिला ने खुद को ट्रेनी आईएएस अधिकारी और मप्र पर्यटन की एडिशनल डायरेक्टर बताकर रोहित लिल्हारे नामक व्यक्ति से 39.17 लाख रुपये ठग लिए। महिला ने उसे एमपीटी की संपत्तियां लीज पर दिलाने और नौकरी लगवाने का झांसा दिया था। उसने संपत्ति के लिए 35.30 लाख और नौकरी के लिए 3.87 लाख रुपये लिए। काम न होने पर रोहित ने पैसे वापस मांगे, जिस पर उसे केवल एक लाख रुपये ऑनलाइन लौटाए गए। पुलिस ने जांच के बाद महिला, उसके दो भाइयों और अन्य सहयोगियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।
इंदौर में एक व्यक्ति को फर्जी आईएएस अधिकारी ‘राज सोनी, जिला कलेक्टर’ बनकर घूमने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी की पहचान अहमदाबाद निवासी हिमांशू पंचाल के रूप में हुई है, जो लगभग एक महीने से इंदौर में अपनी माँ के साथ रह रहा था। उसने घर के बाहर कलेक्टर की नेमप्लेट लगा रखी थी और वाहन चालकों को स्थायी नौकरी का झांसा दिया। बायपास के एक होटल में करीब 16 हजार रुपये का बिल छोड़कर भागने के बाद होटल प्रबंधन की सूचना पर पुलिस ने उसे पकड़ा। हिमांशू का गुजरात में थानेदार बनकर अवैध वसूली का भी आपराधिक रिकॉर्ड है। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।
देवास जिले में 1-2 अक्टूबर की मध्यरात्रि पुलिस की रात्रि गश्त के दौरान भोपाल बायपास नाकाबंदी पॉइंट पर एक चलती स्कॉर्पियो में शॉर्ट सर्किट से आग लग गई। नाकाबंदी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए वाहन में सवार लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला और आग पर काबू पाया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। इसी दौरान, उदयनगर पुलिस ने एसडीओपी बागली संजय सिंह बैस के निर्देशन में बुधवार रात कांबिंग गश्त कर विभिन्न अपराधों में दो से 17 साल से फरार चल रहे सात वारंटियों को गिरफ्तार किया, जिनमें भुवान उर्फ धुवांन सिंह 17 साल से फरार था।
मंडला के बहुचर्चित डबल मनी प्रकरण में कोतवाली पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन पर कम समय में जमा पूंजी दोगुनी करने का लालच देकर लोगों से 1.75 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने का आरोप है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 32 लाख रुपये नकद सहित करीब 66.50 लाख रुपये का माल जब्त किया है। विशेष टीमों ने नागपुर, गोंदिया, मुंबई और बालाघाट सहित विभिन्न स्थानों पर तलाश के बाद गोंदिया, बालाघाट और मंडला में दबिश देकर गिरफ्तारियां कीं। मुख्य आरोपी राजिक कुरैशी पर नागपुर में भी धोखाधड़ी का मामला दर्ज है। पुलिस निवेशकों की पहचान और वित्तीय लेन-देन की जानकारी जुटा रही है।
इंदौर के अन्नपूर्णा इलाके में एक पेट्रोल पंप पर कार्यरत कर्मचारी विजय सिंह एक ही दिन में पंप मालिक के 90 हजार रुपये लेकर फरार हो गया। विजय सिंह 20 जुलाई को काम के लिए आया था और 21 जुलाई को सुबह 11 बजे ड्यूटी पर रखा गया था। रात 11 बजे कलेक्शन के दौरान वह गायब हो गया। पेट्रोल पंप के सुपरवाइजर आशीष चौहान की शिकायत पर पुलिस ने शनिवार को चोरी का मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। आरोपी ने अपना आधार कार्ड और एक मोबाइल नंबर दिया था, जो बाद में बंद पाया गया।
इंदौर में डीलरशिप और डिस्ट्रीब्यूटरशिप के नाम पर एक करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। अपराध शाखा ने मेडिकेयर प्राइवेट लिमिटेड के आदित्य गुप्ता और इन्फोटेक हेल्थ केयर के मनोहर लाल गुप्ता के खिलाफ धोखाधड़ी और अमानत में खयानत का केस दर्ज किया है। फरियादी कमलेश अग्रवाल ने आरोप लगाया है कि आरोपितों ने उन्हें गुजरात की डिस्ट्रीब्यूटरशिप और मासिक मार्जिन का प्रलोभन देकर एक करोड़ रुपये ठगे। आरोपितों ने एक साल तक मार्जिन दिया, फिर बंद कर दिया और तकादा करने पर अभद्रता की।
इंदौर क्राइम ब्रांच ने 74 वर्षीय कंपनी डायरेक्टर मनोहरलाल गुप्ता को 2.14 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के आरोप में गिरफ्तार किया है। गुप्ता पर गुजरात में मेडिकेयर कंपनियों की डीलरशिप दिलाने का प्रलोभन देकर कमलेश अग्रवाल से मोटी रकम ऐंठने का आरोप है। शिकायतकर्ता ने बताया कि दोनों कंपनियों के नाम पर कुल एक करोड़ रुपये जमा कराए गए और बाद में मार्जिन मनी व मूल रकम नहीं लौटाई गई। डीसीपी राजेश त्रिपाठी के अनुसार, जांच में कुल ठगी 2.14 करोड़ रुपये की पाई गई। पुलिस ने बैंक स्टेटमेंट और अन्य दस्तावेजों की जांच के बाद धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया।
ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 12 संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में लिया। ये लोग लंबे समय से शहर के विभिन्न इलाकों में झुग्गी-झोपड़ियां बनाकर रह रहे थे। पुलिस को बिना वैध दस्तावेजों के इनके रहने की सूचना मिली थी, जिसके बाद सत्यापन कर छापेमारी की गई। हिरासत में लिए गए लोगों में पति-पत्नी और बच्चे भी शामिल हैं। पुलिस उनसे पहचान पत्रों, भारत में प्रवेश और स्थानीय संपर्कों की जानकारी जुटा रही है। जांच पूरी होने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
ग्वालियर में जसपाल सिंह यादव नामक एक युवक ने ट्रेन के सामने कूदकर आत्महत्या कर ली। वह केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का समर्थक बताया जा रहा है। मृतक ने एक सुसाइड नोट छोड़ा है, जिसमें आशीष गुप्ता, रवि जाटव और मुख्य आरोपी रवि कुमार नामक तीन लोगों पर जमीन पर 3.45 करोड़ रुपये का लोन स्वीकृत कराने के बहाने 23 लाख रुपये की ठगी करने का आरोप लगाया है। नोट में कहा गया है कि आरोपियों ने फरवरी 2025 में पैसे लेकर जुलाई 2026 तक कोई काम नहीं किया और फरार हो गए। पुलिस ने सुसाइड नोट को जांच में ले लिया है और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
इंदौर के स्कीम नंबर 54 क्षेत्र के एक होटल में खंडवा की 26 वर्षीय ताहिरा ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। वह माइग्रेन के इलाज के लिए इंदौर आई थी और होटल व्यू में ठहरी थी। दरवाजा न खुलने पर होटल कर्मचारियों ने कमरा खोला, जहां उसका शव बिस्तर पर मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतका के परिजनों को भी आत्महत्या का कारण ज्ञात नहीं है, हालांकि उनका कहना है कि वह बीमारी के कारण परेशान रहती थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।