नरसिंहपुर जिले के ग्राम पंचायत बांसखेड़ा के गांव भूत पिपरिया में मुक्तिधाम तक पक्की सड़क के अभाव के कारण अंतिम यात्रा में भारी दुश्वारियां सामने आई हैं। गुरुवार को वायरल हुए एक वीडियो में दलदली मार्ग से गुजरती अंतिम यात्रा को दिखाया गया, जहां 1.5 किमी का रास्ता जलभराव के कारण कीचड़ से भरा था। ग्रामीणों का आरोप है कि वे वर्षों से सड़क निर्माण की गुहार लगा रहे हैं, लेकिन केवल खोखले आश्वासन ही मिले हैं। इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की उदासीनता पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसके बाद ग्रामीणों ने पुनः जिला प्रशासन से मार्ग निर्माण की मांग की है।
सीहोर जिले के आष्टा विधानसभा क्षेत्र में स्थित ग्राम पंचायत जीवापुर महोडिया के ग्रामीण सड़क न होने से परेशान हैं। आजादी के 75 साल बाद भी गांव में कोई विकास योजना नहीं पहुंची है। ग्रामीणों और किसानों ने प्रशासनिक अधिकारियों व राजनेताओं से जल्द सड़क बनाने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सड़क नहीं बनी तो वे जावर तहसील के सामने धरना प्रदर्शन करेंगे और आगामी चुनाव में वोट का बहिष्कार करेंगे। पूर्व नपा अध्यक्ष शैलेष कुमार वैद्य ने गांव का दौरा कर समस्या पर दुख व्यक्त किया और प्रशासन से ध्यान देने का आग्रह किया।
मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान-2026 की शुरुआत 7 अगस्त से होगी, जिसके तहत हर शुक्रवार को अधिकारियों की टीम गांवों में पहुंचेगी। यह अभियान 3 जनवरी 2027 तक चलेगा और इसका उद्देश्य शिकायतों का मौके पर समाधान करना तथा सरकारी योजनाओं की वास्तविक स्थिति का आकलन करना है। उज्जैन की ग्राम पंचायत खेमासा से शुरू होने वाले इस अभियान का नेतृत्व कलेक्टर रौशन कुमार सिंह करेंगे। यह पिछले जवाबदेही अभियान का अगला चरण है, जिसमें सीएम हेल्पलाइन और लोक सेवा गारंटी के लंबित मामलों की समीक्षा की जाएगी। प्रशासन को उम्मीद है कि इससे उज्जैन में बढ़ रही शिकायतों का बोझ कम होगा।