उमरिया के लालपुर स्थित आवास में पीआईयू विभाग के इंजीनियर दिलीप सिंह टेकाम की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई। वह मंगलवार सुबह अपने कमरे में नहीं उठे, जिसके बाद कर्मचारियों और ड्राइवर ने दरवाजा खोलने का प्रयास किया। दिनभर दरवाजा नहीं खुलने पर देर शाम पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और जांच शुरू की। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। प्रारंभिक जांच में शराब के अत्यधिक सेवन की बात सामने आई है, हालांकि पुलिस ने अभी मौत की वजह की पुष्टि नहीं की है।
इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पेयजल मामले की आयोग जांच में खुलासा हुआ कि नगर निगम में फाइल मंजूरी में 859 दिन का अत्यधिक समय लगा। इस दौरान मेयर कार्यालय में 66 दिन और महापौर परिषद कार्यालय में चार माह तक फाइल अटकी रही, जबकि लोग लगातार बीमार पड़ रहे थे। रिपोर्ट में अधिकारियों को दोषी पाया गया और जनप्रतिनिधियों को भी क्लीन चिट नहीं मिली। ढाई करोड़ रुपये की नई लाइन बिछाने का प्रस्ताव दो साल से अधिक समय तक लंबित रहा, जिसे क्षेत्रीय पार्षद की निष्क्रियता और ड्रेनेज लाइन घोटाले के बाद बढ़ी सतर्कता से जोड़ा गया है।
एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) ने पिछले साल दिसंबर में मध्य प्रदेश में हुए दो ट्रेनी एयरक्राफ्ट क्रैश की शुरुआती जांच रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट के अनुसार, 8 दिसंबर को सिवनी में रेडबर्ड अकेडमी का विमान इंजन आरपीएम में गिरावट के कारण बिजली के तारों से टकराकर दुर्घटनाग्रस्त हुआ। वहीं, 10 दिसंबर को सागर के ढाना में चाइम्स एविएशन का सेसना-172S विमान ‘गो-अराउंड’ के दौरान थ्रॉटल बढ़ाने पर अनियंत्रित होकर गिरा। दोनों हादसों में कोई जनहानि नहीं हुई।