नेपाल के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल गोसाईकुंड की धार्मिक यात्रा पर गए भोपाल में निवासरत नेपाल मूल के एक ही परिवार के 29 श्रद्धालु भीषण बाढ़ (फ्लैश फ्लड) में लापता हो गए हैं। भोपाल की देवकी अधिकारी ने बताया कि उनके चार परिजन भी इस समूह में शामिल हैं। अंतिम बातचीत में श्रद्धालुओं ने अपने बचने की उम्मीद न होने और बच्चों का ध्यान रखने की बात कही थी। त्रिशूली नदी पर बना मुख्य पुल ध्वस्त होने से राहत एवं बचाव कार्यों में बाधा आ रही है। परिजनों ने भारत और नेपाल सरकार से तत्काल व्यापक बचाव अभियान चलाने की अपील की है।
मध्य प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है, जिससे पूर्वी हिस्से में भारी बारिश हो रही है। सतना और चित्रकूट में स्थिति गंभीर है, जहां चित्रकूट में मंदाकिनी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है और मंगलवार को रामघाट की 400 दुकानें जलमग्न हो गईं। सतना जिले में 2 और 3 सितंबर को स्कूल, कॉलेज और आंगनवाड़ी केंद्र बंद रखने का आदेश दिया गया है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में 7 जिलों में अति भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।
सतना जिले में भारी बारिश के कारण बाढ़ का खतरा बढ़ गया है, जिससे मंदाकिनी, सतना और सेमरावल जैसी नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। चित्रकूट में मंदाकिनी नदी ने रौद्र रूप दिखाया, जहां सुबह 6 बजे जलस्तर 137.15 मीटर दर्ज किया गया। प्रशासन ने आरोग्यधाम क्षेत्र में मुनादी कराकर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। सेमरावल नदी के उफान से 40 गांवों में अलर्ट जारी किया गया है, जबकि टमस नदी के रामनगर जलाशय के 12 गेट खोल दिए गए हैं। कलेक्टर ने पूरे जिले में प्रशासनिक अमले को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं।
सतना जिले में भारी बारिश और बाढ़ के बाद जिला प्रशासन ने राहत एवं बचाव अभियान तेज कर दिया है। अब तक 434 प्रभावित आवासों के लिए ₹18.01 लाख की आर्थिक सहायता स्वीकृत कर वितरित की जा चुकी है। जिले भर में 14,700 फूड पैकेट और 2,368 तिरपाल वितरित किए गए हैं। चित्रकूट सहित पूरे जिले में 6,125 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया है। प्रशासन के साथ-साथ समाजसेवी संस्थाएँ और आमजन भी भोजन, राशन और अन्य आवश्यक सामग्री पहुँचाकर राहत कार्यों में सक्रिय सहयोग दे रहे हैं। विभिन्न तहसीलों में भी व्यापक स्तर पर सहायता प्रदान की जा रही है।
मध्य भारत में निम्न दबाव और उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ के कारण देश भर में मूसलाधार बारिश हो रही है। नदियों में उफान से बाढ़ की स्थिति बनी है और भूस्खलन के कारण 200 से अधिक सड़कें बंद हो गई हैं। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक भारी बारिश का अनुमान जताते हुए 12 से अधिक राज्यों के लिए अलर्ट जारी किया है। उत्तराखंड में आदि कैलाश मार्ग ठप पड़ा है, जम्मू-कश्मीर में एक पर्यटक की मौत हुई है, हरियाणा में एक कमांडो का शव मिला है और बिहार में प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं।
नेपाल में आई बाढ़ के बाद लापता हुई विदिशा की इंजीनियर स्वाति बगरेचा और रायसेन के दो कर्मचारियों के परिवार से डीएनए सैंपल लिए जाएंगे। नेपाल ने पीड़ितों की पहचान के लिए डीएनए टेस्ट शुरू किया है। स्वाति के परिवार को कनाडा सरकार से पत्र मिला है और वे जल्द ही विदिशा एसपी से मिलेंगे। स्वाति 8 अगस्त को कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गई थीं और 26 अगस्त की आपदा के बाद से लापता हैं। रायसेन के विशेष राजपूत और हिमांशु शाक्य के परिवार भी पहचान के लिए डीएनए सैंपल देंगे, जो एक पनबिजली परियोजना में काम करने नेपाल गए थे।
मध्य प्रदेश में अति भारी वर्षा के कारण शिवपुरी, मुरैना, भोपाल, रायसेन और सीहोर जैसे जिलों में जलजमाव की स्थिति बनी है। रायसेन में बेगमगंज-विदिशा मार्ग आठ घंटे बंद रहा, जबकि भोपाल में भदभदा और कलियासोत डैम के गेट खोले गए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को राज्य आपदा नियंत्रण कक्ष में बाढ़ और अतिवृष्टि से बने हालात की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को नागरिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने और संकट में फंसे लोगों को अकेला न छोड़ने के निर्देश दिए।
बालाघाट जिले में गुरुवार-शुक्रवार से जारी बारिश के कारण समरिया नाला उफान पर है, जिससे चार पंचायतों का आवागमन बाधित हो गया है। गढ़ी में तीन कच्चे मकान धराशायी हुए हैं। भीमगढ़ जलाशय का जलस्तर बढ़ने पर 26 सितंबर को दो गेट खोलकर वैनगंगा नदी में पानी छोड़ा गया। इसी बीच, बालाघाट में जन्में फिल्म अभिनेता मुश्ताक खान का मुंबई में निधन हो गया है।
सीहोर जिले में रविवार सुबह से सोमवार रात तक हुई मूसलाधार बारिश से नदी-नाले उफान पर आ गए, 24 घंटे में 3.96 इंच बारिश दर्ज की गई। कई गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से टूट गया और घरों-दुकानों में पानी घुसने से नुकसान हुआ। श्यामपुर क्षेत्र में बाढ़ जैसे हालात बने, जहां कुलांसी नदी उफान पर आने से एक दर्जन गांवों का संपर्क प्रभावित हुआ। चरनाल गांव में बड़े नुकसान की आशंका है, जबकि सीहोर शहर में रिटर्निंग वाल ने बड़े जलभराव को रोका। प्रशासन ने स्कूलों की छुट्टी की घोषणा की है और लोगों से उफनती नदियों को पार न करने की अपील की है।
राजगढ़ जिले के पड़ाना कस्बे में एक उफनते नाले को पार करते समय एक कार बह गई, जिसमें महिलाओं और बच्चों सहित 11 लोग सवार थे। हादसे में दो लोगों, मुकेश और हुकुमसिंह को स्थानीय लोगों की मदद से बचा लिया गया। वहीं, छह लोगों के शव बरामद किए गए हैं, जिनमें एक तीन वर्षीय बच्चा भी शामिल है। देवास के सतवास गांव का यह परिवार नरसिंहगढ़ स्थित एक धार्मिक स्थल पर दर्शन के लिए जा रहा था। ड्राइवर ने स्थानीय लोगों की चेतावनी को नजरअंदाज कर दिया था। शेष तीन लोगों की तलाश जारी है।