बालाघाट में 25 और 26 अगस्त को मलेरिया संक्रमण से लवकुश (6) और माही (4) नामक दो बच्चों की मौत हो गई, जिससे सरकारी रिकॉर्ड में मरने वाले बच्चों की संख्या 10 हो गई है। लवकुश के शव को उनके माता-पिता की गैरमौजूदगी में जल्दबाजी में दफनाने को लेकर जिला प्रशासन पर गंभीर आरोप लगे हैं। परिजनों और ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रशासन का कहना है कि अंतिम संस्कार दादा-दादी की सहमति से हुआ, जबकि सीएमएचओ ने मलेरिया से मौत के मामलों में पोस्टमार्टम न होने की बात कही।
बालाघाट में खसरा, मलेरिया और कुपोषण के संयुक्त प्रकोप से 26 बच्चों की मौत हो गई है। प्रदेश में खसरे के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं; पिछले वर्ष 1,800 के मुकाबले इस वर्ष शुरुआती आठ महीनों में 1,450 से अधिक मामले दर्ज हुए हैं। भिंड में सर्वाधिक 125 मामले हैं, जबकि शिवपुरी और ग्वालियर में भी लगभग 90-90 रोगी मिले हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, खसरे का संक्रमण हर चौथे वर्ष बढ़ता है और एक रोगी से 20 अन्य लोगों तक फैल सकता है। तत्काल पहचान, उपचार और टीकाकरण इसकी रोकथाम के प्रभावी उपाय हैं।
बालाघाट के बैगा आदिवासी बहुल क्षेत्रों में कुपोषण, खसरा और मलेरिया से 26 बच्चों की मृत्यु के बाद 67 नए चिकित्सा अधिकारी तैनात किए गए हैं। उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए शत-प्रतिशत टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं के समय पर पंजीयन व जांच और उच्च जोखिम वाली महिलाओं के नियमित फॉलोअप के निर्देश दिए। उन्होंने संस्थागत प्रसव और दूरस्थ क्षेत्रों में प्रसव प्रतीक्षा गृहों को प्रभावी बनाने पर जोर दिया। कर्मचारियों के प्रभावी उपयोग और चिकित्सकों की मैदानी उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। जनजातीय कार्य मंत्री डॉ.
इंदौर के रंगवासा में एक निजी स्कूल वैन की चपेट में आने से तीन साल के जीत ठाकुर की मौत हो गई। सुबह करीब आठ बजे घर के बाहर खड़े जीत को वैन चालक ने जल्दबाजी में वाहन मोड़ते समय कुचल दिया। चालक वैन छोड़कर फरार हो गया, जबकि वैन जब्त कर ली गई है। उपचार के दौरान दोपहर में जीत ने दम तोड़ दिया। उसके पिता विनोद ने चालक पर लापरवाही का आरोप लगाया है। एक अन्य घटना में इंदौर के एरोड्रम रोड पर तेज रफ्तार कार ने स्कूटर सवार मां-बेटी को टक्कर मार दी, जिसमें श्वेता नामक महिला घायल हुई। कोरबा में भी तीन सहेलियां तालाब में डूब गईं।
सागर जिले के बंडा नगर के देवपुरा वार्ड में पति-पत्नी के बीच हुए विवाद के दौरान तीन वर्षीय मासूम गौरव की दर्दनाक मृत्यु हो गई। पुलिस के अनुसार, आरोपी पिता पवन लोधी शराब के नशे में अपनी पत्नी से मारपीट कर रहा था, उसी दौरान वह पास सो रहे अपने बेटे गौरव पर गिर गया। उसके भारी वजन और घुटने के दबाव से बच्चे को गंभीर चोटें आईं और उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। पुलिस ने आरोपी पिता को हिरासत में ले लिया है और बच्चे के शव का पोस्टमार्टम कराया है। मामले की जांच जारी है।