भोपाल में फार्मासिस्ट ग्रेड-2 भर्ती परीक्षा 2023 के चयनित अभ्यर्थी लंबित नियुक्ति को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल की तैयारी में हैं। उन्होंने बताया कि एक सप्ताह की शांतिपूर्ण हड़ताल के बावजूद शासन और स्वास्थ्य विभाग से कोई ठोस आश्वासन नहीं मिला है। अभ्यर्थियों की मुख्य मांग तत्काल नियुक्ति और जबलपुर व इंदौर हाई कोर्ट के आदेशों का पालन है। वे स्वास्थ्य विभाग पर मनमानी का आरोप लगाते हुए आंदोलन तेज करने की चेतावनी दे रहे हैं।
एलएनआईपीई ग्वालियर में छात्रों का आंदोलन मंगलवार को 14वें दिन भी जारी रहा और तेज हो गया। गुवाहाटी परिसर की छात्रा श्रुति उपाध्याय की मौत के बाद 8 सितंबर से जारी इस प्रदर्शन में अब चार छात्र अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठ गए हैं। छात्रों का आरोप है कि प्रबंधन उनकी छह सूत्रीय मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहा, केवल आश्वासन दे रहा है। मंगलवार को छात्रों ने एडमिन ब्लॉक पहुंचकर कुलपति की गाड़ी को घेरने का प्रयास भी किया, जिसके बाद कुलपति की गाड़ी वापस लौट गई और परिसर में तनाव की स्थिति बनी रही।
धामनोद नगर परिषद की सीएमओ माया मंडलोई की कार्यप्रणाली को लेकर धरमपुरी विधायक कालू सिंह ठाकुर और केंद्रीय राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर के बीच मतभेद का मामला भोपाल पहुंच गया है। भाजपा के प्रदेश नेतृत्व ने मंगलवार को संबंधित पक्षों से चर्चा की, जिसमें विधायक, मंत्री और धामनोद सीएमओ व नगर परिषद अध्यक्ष शामिल थे। मामला तब गरमाया जब विधायक ठाकुर ने नौ अक्टूबर से भूख हड़ताल की घोषणा की थी, सीएमओ की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए। इसके बाद भाजपा प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने विधायक ठाकुर को कारण बताओ नोटिस जारी किया।
भोपाल में नर्सिंग छात्रों का अनिश्चितकालीन धरना बुधवार को उस समय तनावपूर्ण हो गया, जब तीन छात्र अपनी मांगों को लेकर एक खाली बिल्डिंग पर चढ़ गए। उनकी मुख्य मांग नर्सिंग पाठ्यक्रमों के लंबित रिजल्ट तत्काल जारी करना था। पुलिस ने छात्रों को सुरक्षित नीचे उतारा। नर्सिंग छात्रों के संगठन एनएसओ ने 8 अगस्त से यह धरना शुरू किया है, जिसमें शैक्षणिक सत्र के प्रभावित होने और भविष्य की अनिश्चितता को लेकर चिंता व्यक्त की गई है।
मध्य प्रदेश के शासकीय चिकित्सा महाविद्यालयों के एमबीबीएस इंटर्न्स ने अपनी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल को एक दिन के लिए स्थगित कर दिया है, हालांकि उनका कार्य बहिष्कार और आंदोलन जारी रहेगा। चिकित्सा शिक्षा आयुक्त धनराजू के आश्वासन के बाद यह निर्णय लिया गया, जिन्होंने मंगलवार को प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक कर स्टाइपेंड वृद्धि सहित मांगों पर चर्चा का वादा किया है। इंटर्न्स 9 जुलाई 2026 से आंदोलनरत हैं और सक्षम स्तर से लिखित आश्वासन मिलने पर ही नियमित कार्य शुरू करने की बात कह रहे हैं।
सीजेपी कार्यकर्ता अभिजीत दीपके ने जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से अपना 25वें दिन का अनशन समाप्त करने की अपील की है, उनके स्वास्थ्य को देखते हुए। दीपके ने स्पष्ट किया कि अनशन खत्म होने के बावजूद आंदोलन जारी रहेगा और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग से पीछे नहीं हटा जाएगा। उन्होंने आंदोलन के शांतिपूर्ण रहने का भरोसा दिया। इस बीच, दिल्ली हाईकोर्ट बुधवार को एक जनहित याचिका पर सुनवाई करेगा, जिसमें जंतर-मंतर पर पुलिस कार्रवाई की स्वतंत्र जांच और शांतिपूर्ण प्रदर्शन के संवैधानिक अधिकारों की सुरक्षा की मांग की गई है।