BREAKING NEWS
2026-10-17

इंदौर में यात्री परिवहन विजन समिट-2026 शुरू, सीएम ने की सुगम परिवहन सेवा की घोषणा

bulandsochnews Senior News Reporter

बुलंद सोच, इंदौर।

मध्य प्रदेश में सार्वजनिक यात्री परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और यात्री केंद्रित बनाने की तैयारी की जा रही है। बसों के मार्ग और समय सारणी तय करने से लेकर टिकटिंग, यात्री सुरक्षा और बस बेड़े के आधुनिकीकरण तक तकनीक का उपयोग बढ़ाया जाएगा।

इसके लिए आज से इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में दो दिवसीय यात्री परिवहन विजन समिट-2026 में विशेषज्ञों और कंपनियों के प्रतिनिधियों द्वारा मंथन शुरू हो गया है।

Advertisement

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम के दौरान प्रदेश में 25 सितंबर से मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा शुरू करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस समिट का शुभारंभ किया।

इस समिट में परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह और मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल भी शामिल हुए। समिट में निजी बस ऑपरेटरों, देशभर के राज्य परिवहन उपक्रमों, परिवहन विशेषज्ञों, आईटी कंपनियों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ प्रदेश की यात्री परिवहन व्यवस्था के भविष्य पर मंथन हो रहा है, जिसके केंद्र में मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा है।

मुख्यमंत्री ने इस दौरान परिवहन सेवा पुस्तिका का विमोचन भी किया।

रैपिडो और सरकार के बीच एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) हुआ है, जिसके तहत रैपिडो सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराएगा। महिला यात्रियों के लिए महिला टू-व्हीलर रैपिडो ड्राइवर की सेवा भी मध्य प्रदेश में उपलब्ध कराई जाएगी।

मुख्यमंत्री के वक्तव्य एवं सुझाव

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि गणेश चतुर्थी पर सुगम परिवहन सेवा का श्रीगणेश हो रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि मध्य प्रदेश ऐसा राज्य है जहां इंदौर और भोपाल दो शहरों में मेट्रो चल रही है।

मुख्यमंत्री ने देवी अहिल्याबाई द्वारा द्वारका से रामेश्वरम तक यात्री सुविधाओं के लिए किए गए प्रबंधों का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश से साढ़े छह घंटे में दिल्ली और मुंबई जा सकते हैं। मुख्यमंत्री ने उज्जैन का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस उज्जैन की आबादी आठ लाख है, वहां आठ करोड़ श्रद्धालु आए थे और अब 14 करोड़ लोग आने वाले हैं। उन्होंने यह भी कहा कि 250 साल पहले देवी अहिल्याबाई ने धार्मिक स्थलों पर ठहरने की व्यवस्था की थी और आने-जाने के मार्ग, कुएं-बावड़ी की व्यवस्था की थी, यह विजन इंदौर से निकला था।

महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने दो सुझाव दिए, जिनमें परिवहन में स्थानीय जनप्रतिनिधियों को शामिल करना ताकि लोगों की समस्या रखी जा सके और युवाओं के लिए भी इसमें सुविधा रहे, उनकी प्राथमिकता का ध्यान रखा जा सके।

इंदौर में परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मध्य प्रदेश में निजी क्षेत्र परिवहन में मजबूत है। उन्होंने बताया कि जब मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा शुरू हो रही है, तब सड़क सुरक्षा सुनिश्चित होगी। उन्होंने यह भी कहा कि 2004-05 में बंद हुई परिवहन सेवा अब फिर से शुरू होगी और मुख्यमंत्री के जन्मदिन तक यह सेवा सड़क पर उतर पाएगी, इस पर भी मंथन सरकार कर रही है।

मोबिलिटी विजन एवं तकनीकी नवाचार

मध्य प्रदेश मोबिलिटी विजन-2030 के तहत सरकार बस संचालन और इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम में सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) से निवेश बढ़ाने की रणनीति तैयार कर रही है।

समिट में डेटा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के उपयोग से इंट्रा-सिटी और इंटर-सिटी बस मार्गों के युक्तियुक्तकरण पर चर्चा होगी। यात्रियों की मांग के अनुरूप बस सेवा उपलब्ध कराने और अनावश्यक संचालन घटाने के लिए रियल टाइम यात्री डेटा के आधार पर बसों के मार्ग और समय सारणी तय करने की व्यवस्था विकसित करने पर भी मंथन होगा।

एक राज्य, एक यात्रा की अवधारणा के तहत एकीकृत टिकटिंग और स्वचालित किराया संग्रह प्रणाली पर भी विचार-विमर्श किया जाएगा।

हरित परिवहन के लिए इलेक्ट्रिक, हाइड्रोजन और फ्लेक्स-फ्यूल बसों को बढ़ावा देने की संभावनाएं तलाशी जाएंगी। चार्जिंग और रीफ्यूलिंग ढांचे, ग्रीन डिपो और उन्नत चालक सहायता प्रणाली पर भी विशेषज्ञ मंथन करेंगे।

परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री ने इंडस्ट्री एक्सपो का उद्घाटन किया, जिसमें टाटा मोटर्स, ईकेए मोबिलिटी, ग्रीनसेल मोबिलिटी, वोल्वो आयशर, स्विच मोबिलिटी, रैपिडो, चलो मोबिलिटी, इंडियन ऑयल और एसबीआई सहित अन्य कंपनियां भाग लेंगी।

समिट में आठ सत्रों में मंथन होगा, जिनमें मध्य प्रदेश मोबिलिटी विजन 2030, भविष्य की यात्री परिवहन अवसंरचना, प्रदेश में वित्तीय रूप से आत्मनिर्भर बसों का संचालन, रोजगार एवं उद्यमिता सृजन, सुरक्षा, विश्वसनीयता एवं यात्री सुविधा, डेटा-आधारित निर्णय, हरित मोबिलिटी पर चर्चा और एक राज्य, एक यात्रा पर विमर्श शामिल हैं।

मध्य प्रदेश में 20 साल बाद फिर से सरकारी बस सेवा लौट रही है। प्रधानमंत्री ई-बस की तर्ज पर केसरिया रंग में यह सुगम परिवहन सेवा उपलब्ध होगी।