बुलंद सोच, नागदा।
मोहर्रम के चालीसवें के दिन उज्जैन जिले के नागदा में पैसों के विवाद को लेकर 21 वर्षीय युवक जफर शाह की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। वारदात के कुछ ही घंटों बाद नागदा पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
यह घटना गुरुवार शाम करीब 5:30 बजे किल्कीपुरा स्थित अंबामाता मंदिर के पीछे शहीद कबाड़ी की दुकान वाली गली में हुई। मृतक जफर शाह, पिता मुन्ना शाह, निवासी गफ्फूर बस्ती, के सीने पर चाकू से चार प्राणघातक वार किए गए।
एसआई योगिता उपाध्याय का प्रयास
घटना के समय मोहर्रम जुलूस और ताजियों की ड्यूटी पर तैनात एसआई योगिता उपाध्याय ने घायल जफर को तत्काल ऑटो में बैठाया और सरकारी अस्पताल पहुंचाया। जफर को बचाने के प्रयास में एसआई योगिता की वर्दी भी खून से लथपथ हो गई थी।
हालांकि, अत्यधिक खून बह जाने के कारण डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस टीम का गठन और गिरफ्तारी
एएसपी ग्रामीण करणदीप सिंह और सीएसपी नागदा विक्रम अहिरवार के निर्देश पर टीआई अमृत लाल गवरी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। फरियादी शादिक शाह की शिकायत पर नागदा थाने में मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने भौतिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर गफ्फूर बस्ती निवासी आरोपी शानू उर्फ शाहनवाज शाह, पिता शकिल, को घटना के कुछ ही घंटों में गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में हत्या की वजह पैसों का विवाद सामने आई है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया है।
मृतक जफर शाह से संबंधित जानकारी
परिजनों के अनुसार, जफर चार भाई-बहनों में सबसे बड़ा था। घर में आए दिन विवाद होने के कारण कुछ समय पहले उसे उन्हेल में अपनी बहन के घर भेज दिया गया था।
जफर मोहर्रम का चालीसवां मनाने के लिए गुरुवार को ही नागदा आया था। मृतक के पिता का आरोप है कि जफर को पहले भी जान से मारने की धमकियां मिल चुकी थीं।

