कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस के महासचिव अभिषेक बनर्जी को पश्चिम बंगाल में उनके खिलाफ दर्ज आठ एफआईआर के मामले में फिलहाल समग्र अंतरिम संरक्षण देने से इनकार कर दिया है। न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य ने गुरुवार को मौखिक रूप से राहत देने से मना करते हुए कहा कि अलग-अलग आरोपों पर दर्ज मामलों को एक साथ जोड़कर व्यापक अंतरिम संरक्षण नहीं दिया जा सकता। वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने राजनीतिक प्रतिशोध का आरोप लगाया और शुभेंदु अधिकारी के मामले का हवाला दिया। अदालत ने सीमित राहत का विकल्प खुला रखा है, जिसमें अगली सुनवाई 30 जुलाई तक किसी भी कठोर कदम को संज्ञान में लाने की बात कही गई है।