जबलपुर मुख्य रेलवे स्टेशन पर मंगलवार सुबह प्लेटफार्म नंबर 6 के पास जीएम के एसी कोच में आग लग गई, जिससे परिसर में हड़कंप मच गया। आग की लपटें तेजी से फैलीं और कोच के ऊपर तक पहुंच गईं। सूचना मिलते ही दमकल की दो गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। रेलवे ने आग लगने के वास्तविक कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन सूत्रों के अनुसार कोच के वाई-फाई सिस्टम को सपोर्ट करने वाली बैटरी में तकनीकी खराबी के कारण आग लगने की आशंका जताई जा रही है। घटना ने रेलवे की अग्निशमन व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसकी जांच जारी है।
इंदौर नगर निगम शहर में आगजनी की घटनाओं पर त्वरित नियंत्रण के लिए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर रहा है। बढ़ती आबादी और भौगोलिक स्थिति को देखते हुए 5 नए फायर सबस्टेशन बनाए जा रहे हैं, जिनमें से देवगुराड़िया और न्याय नगर के पास निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। निगम ने राज्य शासन को इन केंद्रों के संचालन के लिए दमकल गाड़ियों, स्टाफ और अन्य संसाधनों की तैनाती का विस्तृत प्रस्ताव भेजा है। अपर आयुक्त आशीष पाठक के अनुसार, यह पहल पुराने स्टेशनों से दमकलों के पहुंचने में लगने वाले लंबे समय और ट्रैफिक की समस्या का स्थायी समाधान करेगी, जिससे आगजनी की आपदा में शहरवासियों को तुरंत राहत मिल सकेगी।
भोपाल के इब्राहिमपुरा चौक बाजार स्थित नेमा डिजाइनर स्टूडियो में शुक्रवार दोपहर लगभग 12:15 बजे आग लग गई। शुरुआती जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। इस घटना में महेंद्र नेमा की दुकान में रखे लाखों रुपये के डिजाइनर लहंगे, साड़ियां और अन्य कपड़े पूरी तरह जलकर खाक हो गए, हालांकि कोई जनहानि नहीं हुई। दमकल को मौके पर पहुंचने में बैरिकेड्स और भारी ट्रैफिक के कारण अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ा। साथ ही, चौक बाजार में 22 लाख रुपये की लागत से स्थापित फायर हाइड्रेंट सिस्टम निष्क्रिय रहा क्योंकि उसकी टेस्टिंग नहीं हुई थी, जिससे आग बुझाने में मदद नहीं मिल पाई।