मध्य प्रदेश में बाल अपहरण के मामलों में पिछले पांच वर्षों में 64% की वृद्धि दर्ज की गई है। केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा लोकसभा में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2024 में प्रदेश में 11,594 बाल अपहरण के मामले दर्ज हुए, जो महाराष्ट्र (12,950) के बाद देश में दूसरा सर्वाधिक आंकड़ा है। देशभर में दर्ज कुल 75,108 मामलों में मध्य प्रदेश की हिस्सेदारी 15 प्रतिशत से अधिक है। हालांकि, वर्ष 2024 में 11,652 बच्चों को जीवित बरामद किया गया, जिसमें पिछले वर्षों के मामले भी शामिल हैं, जो तलाश और बचाव तंत्र में सुधार का संकेत देता है।
इंदौर के देवी अहिल्याबाई होलकर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर वर्ष 2026 के पहले सात महीनों में यात्री संख्या और उड़ानों में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। इस अवधि में कुल 59,242 यात्रियों ने कम उड़ान भरी, जबकि उड़ानों की संख्या में 1,445 की कमी आई। वर्ष 2026 में प्रतिदिन औसतन 85 उड़ानें और 11,872 यात्री दर्ज किए गए, जो वर्ष 2025 के औसत से क्रमशः 7-8 उड़ानें और 282 यात्री कम हैं। विशेषज्ञों ने इस गिरावट का कारण कई रूटों पर उड़ानों में कटौती और सीमित नई सेवाओं को बताया है।
मध्य प्रदेश विधानसभा में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया कि 2021 से 2025 के बीच राज्य में कुल 61,112 लड़कियां लापता हुईं, जिनमें से 3,241 अब भी लापता हैं। पुलिस आंकड़ों के अनुसार, इस अवधि में 61,498 लड़कियों को खोजकर वापस लाया गया। वर्ष 2025 में सर्वाधिक 13,146 मामले दर्ज हुए, जबकि 2026 के शुरुआती पांच महीनों में 6,309 नए मामले सामने आए हैं।