केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण, जबलपुर ने सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारी डॉ. महेंद्र सिंह सिकरवार से 11 लाख 61 हजार 885 रुपये की वसूली पर तत्काल रोक लगा दी है। रीवा के पुलिस अधीक्षक ने यह वसूली आदेश जारी किया था। डॉ. सिकरवार, जो वर्ष 2024 में रीवा के पुलिस महानिरीक्षक पद से सेवानिवृत्त हुए थे, ने इस आदेश को अधिकार क्षेत्र से बाहर बताते हुए चुनौती दी थी। अधिकरण ने भारत सरकार, रीवा एसपी और मध्य प्रदेश शासन से जवाब मांगा है।
मध्य प्रदेश में भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के 30 पद बढ़ सकते हैं, जिसके लिए पुलिस मुख्यालय ने राज्य सरकार को काडर रिव्यू का प्रस्ताव भेजा है। यह प्रस्ताव केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजा जाएगा। वर्तमान में राज्य में 319 आईपीएस पद हैं। काडर रिव्यू हर पांच साल में होता है, और पिछला रिव्यू 2022 में हुआ था। नए पदों में से 33 प्रतिशत राज्य पुलिस सेवा से पदोन्नत होने वाले अधिकारियों को मिलेंगे, जिससे अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक स्तर पर सेवानिवृत्त होने वाले कई अधिकारियों को पदोन्नति का अवसर मिलेगा।
भोपाल में किसान आंदोलन के दौरान तनावपूर्ण स्थिति उस समय उत्पन्न हो गई जब प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा घेरा तोड़कर पुलिस बस चलाने का प्रयास किया। एडिशनल कमिश्नर ऑफ पुलिस मोनिका शुक्ला ने तुरंत बस के सामने खड़े होकर स्थिति को संभाला और संभावित बड़े हादसे को टाल दिया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। शुक्ला ने बताया कि उन्होंने यह फैसला मौके की परिस्थितियों को देखते हुए लिया। उन्होंने पहले भी काजी कैंप में ऐसी ही चुनौतीपूर्ण स्थिति को नियंत्रित किया था, जिससे मध्य प्रदेश पुलिस में उनकी पहचान एक साहसी अधिकारी के रूप में स्थापित हुई है।
ट्रेनी आईपीएस अधिकारी एम. उदय कृष्ण रेड्डी को राष्ट्रीय पुलिस अकादमी में एक महिला सह-प्रशिक्षणार्थी के यौन उत्पीड़न के आरोप में गिरफ्तार कर 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस के अनुसार, दोनों सोशल मीडिया के माध्यम से मिले थे, जिसके बाद महिला द्वारा रिश्ता तोड़ने और दूसरी जगह शादी करने पर आरोपी ने उसे परेशान करना शुरू कर दिया था। इस बीच, आईआईटी खड़गपुर में सहायक प्रोफेसर दीपक रेड्डी पुल्लागुरम का शव उनके सरकारी आवास में फंदे से लटका मिला, जिसकी पुलिस जांच कर रही है। एक रिपोर्ट के अनुसार, पिछले पांच वर्षों में लगभग 70 आईआईटी छात्रों और स्टाफ ने आत्महत्या की है।
भोपाल के प्रतिष्ठित आईपीएस स्कूल में ‘चड्डी-बनियान गैंग’ ने धावा बोलकर 3.92 लाख रुपये की बच्चों की फीस चुरा ली। यह वारदात स्कूल के सीसीटीवी कैमरों में कैद हुई है। स्कूल मैनेजर प्रदीप पांडेय ने शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मामला दर्ज कर फुटेज के आधार पर तलाश शुरू कर दी है। घटना ने स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं, क्योंकि रात में चार सुरक्षा गार्डों की तैनाती के बावजूद चोर बेखौफ होकर वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए।