मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के बिरसा विकास खंड में रहस्यमय बुखार से दो माह में आठ बच्चों की मौत हो गई है, जबकि सात बच्चे अभी भी अस्पतालों में भर्ती हैं। डॉक्टरों ने शुरुआत में मलेरिया की जांच की, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हो पाई। राज्य मुख्यालय से आई विशेषज्ञ टीम भी बीमारी का पता लगाने में विफल रही। पूर्व मुख्यमंत्रियों कमल नाथ और दिग्विजय सिंह ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर उचित जांच और सहायता की मांग की है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, 93 बच्चे स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हो चुके हैं।
मध्य प्रदेश के कॉलेज चुनावों में अब एबीवीपी और एनएसयूआई के साथ जयस छात्र संगठन (जेसीएस) भी ताल ठोकेगा, जिससे त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिलेगा। संगठन राज्य के सभी महाविद्यालयों में अपने उम्मीदवार उतारेगा, जिसमें आदिवासी युवाओं पर विशेष ध्यान केंद्रित किया जाएगा। जयस नेताओं ने घोषणा की है कि वे छात्रों की आवाज बनेंगे और छात्रवृत्ति, रोजगार तथा प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे प्रमुख मुद्दों को उठाएंगे। नौ साल के अंतराल के बाद सितंबर में छात्रसंघ चुनाव होने की संभावना है।
आलीराजपुर जिले के चांदपुर स्थित शासकीय सीनियर आदिवासी बालक छात्रावास में 11वीं कक्षा के छात्र दुमेश कलेश की गले में फंदा लगने से मौत हो गई। पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसकी जांच जारी है। घटना विश्व आदिवासी दिवस के दिन सामने आई, जिससे लोगों में आक्रोश बढ़ गया। छात्रों ने हॉस्टल वार्डन पर रैगिंग और शराब पीकर आने के गंभीर आरोप लगाए हैं। जोबट विधायक सेना पटेल ने घटना को गंभीर बताते हुए निष्पक्ष जांच और छात्रावास की सुरक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग की है। प्रशासन ने अतिरिक्त स्टाफ और छात्रों की काउंसलिंग की बात कही है।
शिवपुरी जिले के रन्नौद नगर परिषद की लापरवाही के कारण गिटला आदिवासी को कागजों में मृत घोषित कर दिया गया है। पिता जगनी आदिवासी की मृत्यु पर मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए आवेदन करने पर, नगर परिषद ने 12 अप्रैल 2023 को गिटला को ही मृत दर्शाते हुए प्रमाण पत्र जारी कर दिया। इस त्रुटि के कारण गिटला का आधार कार्ड निलंबित हो गया है, और वह तीन साल से प्रधानमंत्री आवास योजना, राशन सहित अन्य शासकीय सुविधाओं से वंचित है। पटवारी के पास जमीन नामांतरण के दौरान गलती का पता चला। गिटला ने सीएम हेल्पलाइन पर भी शिकायत की, पर कोई समाधान नहीं मिला।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने झाबुआ में आदिवासी क्षेत्रों में धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश करने वाले संगठनों को कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को जेल भेजा जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि धार-झाबुआ में किसी भी मिशनरी को लोगों का धर्म परिवर्तन करने की इजाजत नहीं है। ‘मध्य प्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम, 2021’ के तहत 10 साल तक की जेल और एक लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है। कार्यक्रम में उन्होंने महिलाओं को 300 करोड़ रुपये के ऋण बांटे और 174 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की आधारशिला रखी।
भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने पेटलावद का दौरा किया और किसानों को संगठित रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि किसान अपनी पंचायतों के लिए प्रशासन से अनुमति न लें, बल्कि केवल सूचना दें, क्योंकि अनुमति मांगने से कार्यक्रम निरस्त हो सकते हैं। टिकैत ने झाबुआ-पेटलावद को संघर्षों की भूमि बताते हुए किसानों से एकजुट होकर समस्याओं का समाधान करने का आह्वान किया। उन्होंने किसान दिवस पर संबंधित अधिकारियों से सीधे संवाद करने और फोरलेन प्रभावित किसानों को उचित मुआवजे की मांग की।
भोपाल के कटारा हिल्स स्थित आदिवासी कन्या छात्रावास में सोमवार को 17 वर्षीय छात्रा दर्शन निनामा मृत पाई गई। वह आलीराजपुर जिले की मूल निवासी थी और अनंत हायर सेकंडरी स्कूल में 12वीं की छात्रा थी, साथ ही जेईई की तैयारी भी कर रही थी। पुलिस को घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। संयोग से सोमवार को ही उसका जन्मदिन था। शाम को जन्मदिन मनाने पहुंचीं सहेलियों ने जब दरवाजा खोला तो वह मृत मिली। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए एम्स भोपाल भेजा है और मामले की जांच कर रही है।