उज्जैन देश की ‘स्पिरिचुअल इकोनॉमी’ का नया मॉडल बनने की ओर अग्रसर है। केंद्र और मध्यप्रदेश सरकार की 18 हजार करोड़ की विकास योजनाएं सिंहस्थ-2028 को अगले कई दशकों की अर्थव्यवस्था की बुनियाद बना रही हैं। इन योजनाओं में नए घाट, पुल, जल प्रदाय, सीवरेज नेटवर्क, यूनिटी मॉल और मेडिकल कॉलेज जैसे स्थायी परिसंपत्तियों का निर्माण शामिल है। महाकाल महालोक के बाद श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि से स्थानीय व्यापार में तेजी आई है, और अब सिंहस्थ की तैयारी इसे स्थायी आर्थिक ढांचे में बदल रही है।