ग्वालियर में तिघरा जलाशय और मेहराब साहब की तलैया में डूबे दो युवकों के शव शनिवार को बरामद किए गए। एसडीआरएफ, जिला प्रशासन और पुलिस की टीमों ने इन घटनाओं के बाद लगातार सर्च अभियान चलाया। तिघरा जलाशय में सात अगस्त को डूबे हाफिज शरद खान का शव 19 घंटे बाद मिला, जबकि मेहराब साहब की तलैया में छह अगस्त को डूबे 24 वर्षीय पंकज सूर्यवंशी का शव तीन दिन बाद शनिवार सुबह बरामद हुआ। पोस्टमार्टम के उपरांत शव स्वजन को सौंप दिए गए। जिला प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को आरबीसी छह-चार के तहत आर्थिक सहायता दिलाने की प्रक्रिया शुरू की है और नागरिकों से जलस्रोतों में सावधानी बरतने की अपील की है।
शहडोल जिले के अमलाई थाना क्षेत्र में रविवार को एक दर्दनाक हादसे में दो सगे भाई, विवेक सिंह गोंड (14) और बारिश सिंह गोंड (10) की तालाबनुमा गड्ढे में डूबने से मौत हो गई। दोनों खेलते हुए पानी में उतरे थे। बड़े भाई विवेक को डूबता देख छोटा भाई बारिश उसे बचाने के लिए पानी में कूदा, लेकिन दोनों गहरे पानी में चले गए। अमलाई पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने मृतक परिवार को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।
मुरैना में 37 वर्षीय स्कूल बस ड्राइवर रामकुमार उर्फ बंटी की सीने में दर्द के बाद मौत हो गई। परिजनों ने जिला अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में 15 मिनट की देरी और लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। उन्होंने नर्स, सुरक्षा गार्ड और पुलिसकर्मी पर धक्कामुक्की व मारपीट का भी आरोप लगाया। बाद में, मृतक के स्वजनों और ग्रामीणों ने कलेक्टर बंगले का घेराव किया, जहां डॉक्टरों पर इलाज के लिए पैसे मांगने के आरोप भी लगाए गए। एसडीएम रामनिवास सिकरवार के कार्रवाई और आर्थिक मदद के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ।