राष्ट्रमंडल खेल 2026 के दसवें दिन भारत 13 स्वर्ण पदकों के साथ पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा। ऑस्ट्रेलिया 55 स्वर्ण पदकों के साथ शीर्ष पर कायम है। भारतीय एथलीट गुलवीर सिंह ने पुरुषों की 5000 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीतकर इतिहास रचा और एक ही संस्करण में दो एथलेटिक्स पदक जीतने वाले पहले भारतीय बने। पैरा एथलेटिक्स में सोमन राणा ने शॉटपुट में स्वर्ण पदक जीता। वहीं, कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रदर्शन से जुड़ी विदेशी फंडिंग की जांच एजेंसियां कर रही हैं, जिसमें पांच से अधिक कंपनियां रडार पर हैं।
भारतीय एथलीट सोमवार को कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पहली बार ट्रैक एंड फील्ड में उतरेंगे। मेंस हाई जंप फाइनल में तेजस्विन शंकर, सर्वेश कुशारे और जे. आदर्श राम पदक के लिए चुनौती पेश करेंगे। वेटलिफ्टिंग में ज्ञानेश्वरी यादव, बिंद्यारानी देवी और वी. अजया बाबू से तीन पदक की उम्मीद है, जो सीधे मेडल इवेंट में भाग लेंगे। इसके अतिरिक्त, भारतीय खिलाड़ी बॉक्सिंग, तैराकी, पैरा एथलेटिक्स, आर्टिस्टिक जिम्नास्टिक्स, लॉन बॉल्स और व्हीलचेयर बास्केटबॉल में भी प्रतिस्पर्धा करेंगे, जिसमें विभिन्न स्पर्धाओं में भारतीय एथलीटों का प्रदर्शन देखा जाएगा।
कॉमनवेल्थ गेम्स की शुरुआत 1891 में ब्रिटिश पादरी जॉन एस्टली कूपर के एक विचार से हुई थी, जिसका उद्देश्य ब्रिटिश साम्राज्य के देशों के बीच संबंध मजबूत करना था। भारत ने इन खेलों में 1934 में पदार्पण किया और पहलवान राशिद अनवर ने पहला कांस्य पदक जीता। 1958 में मिल्खा सिंह ने भारत को एथलेटिक्स का पहला स्वर्ण दिलाया। भारत ने 2010 में दिल्ली में इन खेलों की मेजबानी की और 101 पदकों के साथ पदक तालिका में दूसरा स्थान हासिल कर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। 2026 के कॉमनवेल्थ गेम्स स्कॉटलैंड के ग्लासगो में हो रहे हैं और 2030 में अहमदाबाद इसकी मेजबानी करेगा।