सीहोर जिले के जामनी गांव में भारी बारिश के कारण उफनते नाले ने एंबुलेंस का रास्ता रोक दिया। ऐसे में एसडीआरएफ टीम ने नाव की मदद से एक प्रसूता को सुरक्षित बाहर निकालकर एंबुलेंस तक पहुंचाया, जिसके बाद उसे जिला चिकित्सालय सीहोर में भर्ती कराया गया। यह घटना जिले में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच हुई, जहाँ पिछले 24 घंटों में औसतन 3.96 इंच वर्षा दर्ज की गई। श्यामपुर तहसील में सर्वाधिक 8.27 इंच बारिश हुई। कई नदी-नाले उफान पर हैं और निचले इलाकों में जलभराव से लोग परेशान हैं, जिस पर प्रशासन नजर रख रहा है।
बेंगलुरु की शिवगंगे पहाड़ियों में इंदौर के 31 वर्षीय अद्वैत उपाध्याय पांचवें दिन भी लापता हैं। शुक्रवार को अपनी मंगेतर से बात करने के बाद उनका मोबाइल बंद हो गया था। पुलिस जांच में वह किराए की बाइक से पहाड़ी की तलहटी तक पहुंचे और लगभग 10 सीसीटीवी कैमरों में पहाड़ी की ओर जाते दिखे। रविवार को प्रतिबंधित शांताला पॉइंट के पास उनका बैग और स्वेटर मिला। पुलिस ने लैपटॉप की सर्च हिस्ट्री में ऊंचाई से गिरने और मौत से संबंधित वीडियो मिलने के बाद आत्महत्या के पहलू को भी जांच में शामिल किया है। हालांकि, हादसे सहित सभी संभावित कोणों से जांच जारी है।
भोपाल के कजली खेड़ा थाना क्षेत्र में फाटापान बाबाझिरी पिकनिक स्पॉट पर तेज बारिश के कारण पहाड़ों से पानी उतरने से सात युवक एक टीले पर फंस गए। पानी का बहाव इतना तेज था कि वे बाहर नहीं निकल पा रहे थे। युवकों ने मोबाइल से परिजनों को सूचना दी, जिन्होंने तुरंत डायल 112 पर जानकारी दी। शाम 7 बजे पुलिस टीम मौके पर पहुंची और एसडीआरएफ को बुलाया। स्थानीय ग्रामीणों की मदद से चलाए गए संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन में सभी सात युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
डिंडौरी जिले में बीते 10 घंटे से जारी मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। जिला मुख्यालय में 5 इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई है, जिससे नर्मदा, खरमेर और चकरार नदियां उफान पर हैं। नर्मदा और जोगी टिकरिया पुल डूबने से जबलपुर, अमरकंटक, शहडोल और मंडला मार्गों का संपर्क टूट गया है। नदी किनारे बसे घरों में पानी भर गया है और प्रशासन लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहा है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे तक भारी बारिश का अनुमान जताया है, जिससे हालात और बिगड़ने की आशंका है। जिला प्रशासन अलर्ट पर है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है।
ग्वालियर में तिघरा जलाशय और मेहराब साहब की तलैया में डूबे दो युवकों के शव शनिवार को बरामद किए गए। एसडीआरएफ, जिला प्रशासन और पुलिस की टीमों ने इन घटनाओं के बाद लगातार सर्च अभियान चलाया। तिघरा जलाशय में सात अगस्त को डूबे हाफिज शरद खान का शव 19 घंटे बाद मिला, जबकि मेहराब साहब की तलैया में छह अगस्त को डूबे 24 वर्षीय पंकज सूर्यवंशी का शव तीन दिन बाद शनिवार सुबह बरामद हुआ। पोस्टमार्टम के उपरांत शव स्वजन को सौंप दिए गए। जिला प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को आरबीसी छह-चार के तहत आर्थिक सहायता दिलाने की प्रक्रिया शुरू की है और नागरिकों से जलस्रोतों में सावधानी बरतने की अपील की है।
मुरैना जिले के जौरा स्थित पगारा डेम पर बुधवार शाम ग्वालियर के 30 वर्षीय त्रिलोक गुप्ता की डूबने से मौत हो गई। वह अपने छह दोस्तों के साथ पिकनिक मनाने आए थे और शाम करीब 5:30 बजे डेम में नहाने उतरे चार दोस्तों में शामिल थे। तेज बहाव में फंसकर त्रिलोक गुप्ता गहरे पानी में डूब गए। सूचना पर जौरा पुलिस और एसडीआरएफ टीम मौके पर पहुंची। अंधेरे और चुनौतीपूर्ण हालात के बावजूद, एसडीआरएफ ने करीब दो घंटे के रेस्क्यू अभियान के बाद युवक का शव बरामद कर लिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
खंडवा में भारी बारिश के दौरान नदी का जलस्तर बढ़ने से चार युवक एक टापू पर फंस गए। हुजेफा हामिद अली, असगर, मुस्तफा और मयंक हांडीकुंडी पिकनिक स्पॉट पर थे जब यह घटना हुई। प्रशासन, पुलिस और एसडीआरएफ की टीमों ने गुरुवार शाम करीब छह बजे रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया, जो पूरी रात चला। खराब मौसम के कारण एयरलिफ्ट के लिए बुलाया गया हेलीकॉप्टर नागपुर में रुका रहा। एसडीआरएफ की टीम ने सुबह हेलीकॉप्टर के पहुंचने से पहले ही चारों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।