जबलपुर में माइक्रोस्कोपिक, एंडोस्कोपिक और लेजर तकनीकों के उपयोग से कान की जटिल सर्जरी अब अधिक सटीक और सुरक्षित हो गई है। ईएनटी विभागाध्यक्ष प्रो. डॉ. कविता सचदेवा के नेतृत्व में आयोजित एक एडवांस्ड कैडेवरिक वर्कशॉप में बेंगलुरु के विशेषज्ञों डॉ. विजयेंद्र और डॉ. विनय ने 40 पीजी छात्रों और 12 ईएनटी सर्जनों को प्रशिक्षण दिया। आठ घंटे से अधिक चले सत्रों में आठ में से छह मरीजों की सफल सर्जरी की गई। विशेषज्ञों ने ईयरफोन के अत्यधिक उपयोग से बचने की भी सलाह दी, जो श्रवण क्षमता को प्रभावित कर सकता है।