राजधानी भोपाल में एक 15 वर्षीय किशोरी से रिश्तेदार द्वारा दुष्कर्म और दैहिक शोषण का मामला सामने आया है। घटना का खुलासा करीब एक साल बाद तब हुआ जब किशोरी ने अस्पताल में एक बच्चे को जन्म दिया। मामला पुलिस तक पहुंचने के बाद, घटनास्थल की Jurisdiction को लेकर मंडीदीप और कजलीखेड़ा थानों के बीच 15 दिन तक फाइल घूमती रही। अंततः कजलीखेड़ा पुलिस ने काउंसलिंग के बाद रिश्तेदार युवक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया। पीड़िता के स्वजनों ने सामाजिक बदनामी के डर से पहले एफआईआर दर्ज करवाने से इनकार किया था। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है।