बॉलीवुड के हरफनमौला कलाकार किशोर कुमार का 97वां जन्मदिन आज (4 अगस्त) खंडवा में मनाया जा रहा है। मध्य प्रदेश सरकार इसे तीन दिवसीय ‘खंडवा गौरव दिवस’ के रूप में मना रही है। खंडवा के बॉम्बे बाजार स्थित ‘गांगुली हाउस’ में 4 अगस्त 1929 को जन्मे आभास कुमार गांगुली ही आगे चलकर किशोर कुमार बने। गायकी, अभिनय और निर्देशन में माहिर किशोर कुमार ने ‘जिंदगी एक सफर है सुहाना’ जैसे सैकड़ों गीत गाए। मुंबई में भी वे खुद को ‘खंडवा वाला’ बताते थे। शहरवासी उनके पुश्तैनी घर को स्मारक बनाने की उम्मीद कर रहे हैं।
किशोर कुमार के जन्मदिन पर खंडवा स्थित उनके समाधि स्थल पर प्रशंसकों का सैलाब उमड़ पड़ा। महाराष्ट्र के लातूर से 583 किलोमीटर दूर से 35 प्रशंसकों का एक दल विशेष रूप से बस से पहुंचा, जिन्होंने समाधि पर पुष्प और दूध जलेबी का भोग लगाया। महापौर, विधायक और प्रशासनिक अधिकारियों सहित अन्य राज्यों के संगीतप्रेमी भी श्रद्धांजलि देने पहुंचे। गायक विनोद कुमार राठौर और पी. गणेश ने भी अपनी भावनाएं व्यक्त कीं, जिसमें किशोर कुमार को भारत रत्न देने की मांग प्रमुख रही। यह आयोजन नगर निगम और किशोर सांस्कृतिक प्रेरणा मंच द्वारा किया गया था।
खंडवा में आयोजित किशोर नाइट के दौरान पार्श्व गायक विनोद कुमार राठौर को प्रतिष्ठित किशोर कुमार गौरव सम्मान से नवाजा गया। पुरानी अनाज मंडी प्रांगण में उन्हें एक लाख रुपये और सम्मान पट्टिका प्रदान की गई, जो व्यवसाई राकेश बंसल द्वारा दी गई थी। मुंबई आर्केस्ट्रा के पी गणेश और विनोद राठौर ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रोताओं का मन मोह लिया। विनोद राठौर ने खंडवा को किशोर दा की एकमात्र समाधि और अद्वितीय श्रोताओं का स्थान बताया। इस आयोजन में महापौर अमृता यादव और कलेक्टर नागार्जुन बी गौडा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। ‘वाइस ऑफ खंडवा’ के विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया।