सरकार ने परिसीमन के लिए आवश्यक आंकड़े जुटा लिए हैं और अब उसका ध्यान संसद में गतिरोध समाप्त करने पर है ताकि संविधान संशोधन विधेयक के रूप में परिसीमन प्रस्ताव पेश किया जा सके। गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा अध्यक्ष और अन्य मंत्रियों के साथ बैठक कर गतिरोध खत्म करने के विकल्पों पर चर्चा की। सरकार डीएमके और एनसीपी के शरद पवार गुट सहित विभिन्न दलों से समर्थन जुटाने का प्रयास कर रही है। विधेयक पारित करने के लिए 360 सांसदों के दो-तिहाई बहुमत की आवश्यकता है, जबकि सरकार को अभी चार सांसदों की कमी है। विपक्ष ने अपनी मांगों का दायरा बढ़ा दिया है, जिससे संसद सत्र की अंतिम तीन बैठकें महत्वपूर्ण हो गई हैं।