केंद्र सरकार ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को राष्ट्रीय ध्वज से जुड़े नियमों का पालन करने का निर्देश दिया है। गृह मंत्रालय ने मुख्य सचिवों को भेजे संदेश में नियमों की जानकारी की कमी पर चिंता जताई और व्यापक जागरूकता अभियान चलाने को कहा। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि कागज के तिरंगे को कार्यक्रम के बाद जमीन पर नहीं फेंकना चाहिए और फटा या क्षतिग्रस्त तिरंगा प्रदर्शित नहीं करना चाहिए। फ्लैग कोड में संशोधन के बाद अब दिन-रात तिरंगा फहराया जा सकता है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ‘हर घर तिरंगा’ अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की है, जो देश की सामूहिक शक्ति का प्रतीक है।
मध्य प्रदेश कैडर की 1993 बैच की वरिष्ठ आईएएस अधिकारी दीप्ति गौड़ मुखर्जी को केंद्र सरकार ने देश का नया उच्च शिक्षा सचिव नियुक्त किया है। यह नियुक्ति सोमवार देर रात नौकरशाही में हुए बड़े फेरबदल का हिस्सा है। इससे पहले, वह कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय में सचिव थीं। मुखर्जी राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण की सीईओ भी रह चुकी हैं, जहां उन्होंने आयुष्मान भारत योजना के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उच्च शिक्षा सचिव के तौर पर उनके सामने नई शिक्षा नीति के क्रियान्वयन और परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता जैसी चुनौतियां होंगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार ने मध्य प्रदेश संवर्ग की 1993 बैच की आईएएस अधिकारी दीप्ति गौड़ मुखर्जी को उच्च शिक्षा सचिव नियुक्त किया है। वह पहले कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय में सचिव थीं। मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने 23 जुलाई के आदेश में संशोधन कर उनकी नियुक्ति को मंजूरी दी, जिसका आदेश 10 अगस्त को जारी हुआ। उनकी नियुक्ति विनीत जोशी के स्थान पर हुई है। इसके अतिरिक्त, मध्य प्रदेश संवर्ग की 1994 बैच की आईएएस अधिकारी पल्लवी जैन गोविल को कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय का सचिव बनाया गया है। 1992 बैच के आईएएस अधिकारी वीएल कांताराव को गृह मंत्रालय के राजभाषा विभाग में ओएसडी नियुक्त किया गया है।
उज्जैन देश की ‘स्पिरिचुअल इकोनॉमी’ का नया मॉडल बनने की ओर अग्रसर है। केंद्र और मध्यप्रदेश सरकार की 18 हजार करोड़ की विकास योजनाएं सिंहस्थ-2028 को अगले कई दशकों की अर्थव्यवस्था की बुनियाद बना रही हैं। इन योजनाओं में नए घाट, पुल, जल प्रदाय, सीवरेज नेटवर्क, यूनिटी मॉल और मेडिकल कॉलेज जैसे स्थायी परिसंपत्तियों का निर्माण शामिल है। महाकाल महालोक के बाद श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि से स्थानीय व्यापार में तेजी आई है, और अब सिंहस्थ की तैयारी इसे स्थायी आर्थिक ढांचे में बदल रही है।
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को ठोस कचरा प्रबंधन नियम, 2026 के तहत प्रदूषण फैलाने वाली संस्थाओं और व्यक्तियों पर पर्यावरण मुआवजा लगाने व वसूलने के लिए एकसमान और स्पष्ट दिशानिर्देश तैयार करने का निर्देश दिया है। जस्टिस पी. एस. नरसिम्हा और आलोक अराधे की पीठ ने कहा कि मुआवजा तय करने का नियम मनमाना नहीं हो सकता और यह प्रकृति को हुए वास्तविक नुकसान की भरपाई के लिए होना चाहिए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने 5 अगस्त 2019 को एक अप्रत्याशित निर्णय लिया, जिसमें जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले सांविधानिक प्रावधानों अनुच्छेद 370 और आर्टिकल 35 ए को निष्प्रभावी कर दिया गया। इस फैसले के बाद जम्मू-कश्मीर एक केंद्र शासित प्रदेश बन गया। तत्कालीन राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने भी इस पर हैरानी जताई थी। संसद में लंबी चर्चा और विरोध के बाद यह निर्णय पारित हुआ। यह सात वर्ष पुराना फैसला आज भी चर्चा का विषय है, खासकर पाकिस्तान द्वारा कश्मीर को अंतरराष्ट्रीय मसला बनाने के प्रयासों और पीओके में सेना के दमन के संदर्भ में।
केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने मध्य प्रदेश को टैक्स शेयरिंग के तहत 8010 करोड़ रुपये की अतिरिक्त किस्त जारी की है। इस राशि का उपयोग राज्य सरकार अपनी योजनाओं और विकास कार्यों में कर सकेगी। मध्य प्रदेश देश में तीसरा सबसे ज्यादा फंड पाने वाला राज्य बना है। केंद्र सरकार ने शनिवार को पांच राज्यों को कुल 1.09 लाख करोड़ रुपये की अतिरिक्त टैक्स शेयरिंग राशि जारी की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 1 अगस्त, 2026 को इस पहल के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त किया।
केंद्र सरकार ने पश्चिमी घाट के 56,825.7 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र (ईएसए) घोषित करने के लिए एक नया मसौदा जारी किया है। इस प्रस्ताव के लागू होने पर पश्चिमी घाट के लगभग 3,000 गांवों में नए खनन कार्य, बड़े टाउनशिप का निर्माण, रेड कैटेगरी के उद्योगों की स्थापना और नए थर्मल पावर प्लांट लगाने पर रोक लग सकती है। यह मसौदा इन विशिष्ट गतिविधियों पर प्रतिबंध लगाने का प्रावधान करता है।
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर जोरदार हमला बोला है। दीपके ने पीएम मोदी के इंस्टाग्राम वीडियो पर तंज कसते हुए उन्हें इन्फ्लुएंसर बनकर प्रधानमंत्री पद छोड़ने की सलाह दी। उन्होंने एंटी-पेपर लीक बिल के प्रभावी अमल पर सवाल उठाए, कहा कि बिना सही नीयत के कानून समस्या का समाधान नहीं कर सकते। दीपके ने पेपर लीक मामले की सुनवाई स्थगित होने और सीबीआई वकील की अनुपस्थिति का उदाहरण दिया। उन्होंने छात्र प्रदर्शनों, पुलिस कार्रवाई, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और सरकार द्वारा वादों के कथित उल्लंघन पर भी टिप्पणी की।
मध्य प्रदेश में ग्रीष्मकालीन मूंग की खरीदी को लेकर दबाव बढ़ गया है। केंद्र सरकार ने 4.54 लाख टन खरीदी की अनुमति दी है, लेकिन पिछले साल की 3.5 लाख टन मूंग अभी भी गोदामों में पड़ी है, जिसके खरीदार नहीं मिल रहे। इससे भंडारण और रखरखाव का खर्च बढ़ रहा है। राज्य सरकार ने किसानों की मांग पर केंद्र से खरीदी का कोटा बढ़ाने का अनुरोध किया है। पिछले वर्ष भी निर्धारित लक्ष्य से अधिक खरीदी हुई थी, और वह मूंग अभी भी सरकारी गोदामों में है। सरकारी एजेंसियों को खरीदार नहीं मिल रहे या वे बहुत कम कीमत पर खरीदना चाहते हैं।