ग्वालियर पुलिस ने आंध्र प्रदेश के नक्सल प्रभावित जंगल में सात दिनों के विशेष ऑपरेशन में अंतरराज्यीय गांजा तस्कर सुभाष चंद्र पांगी को गिरफ्तार किया। पुलिसकर्मी चरवाहा और मजदूर बनकर रहे और तेलुगु सीखी। डीएसपी नागेंद्र सिंह सिकरवार के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पांगी को आजीवन कारावास की सजा हुई है, जिससे ग्वालियर, आगरा, दिल्ली-एनसीआर सहित उत्तर भारत में गांजा सप्लाई का बड़ा नेटवर्क ध्वस्त हो गया। पुलिस ने यह भी बताया कि अब नशा तस्करों के मुख्य निशाने पर स्कूल और कॉलेज के छात्र हैं।
ग्वालियर के कंपू इलाके में रहने वाले रेडियो पुलिस आरक्षक संदीप तोमर को पत्नी से विवाद के बाद उत्तराखंड से बरामद किया गया है। छह अगस्त को पत्नी प्रियंका की शिकायत पर अपहरण की एफआईआर दर्ज की गई थी। दूसरी घटना में, मोहना क्षेत्र में पुलिस ने दो गांजा तस्करों, मोनू परिहार और नरोत्तम जाटव को सवा दो किलो गांजे के साथ गिरफ्तार किया है। ये तस्कर लंबे समय से राजस्थान से गांजा लाकर मोहना में सप्लाई कर रहे थे, जिसके संबंध में पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है।
भोपाल के कोलार थाना क्षेत्र में गांजा तस्करी की शिकायत करने पर एक परिवार पर लाठी-डंडों से हमला किया गया और घर में तोड़फोड़ की गई। महिलाओं को बेरहमी से पीटा गया तथा सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए गए। पुलिस ने शुरू में तत्काल कार्रवाई के बजाय केवल घायलों का मेडिकल परीक्षण कराया। क्षेत्रीय विधायक रामेश्वर शर्मा के हस्तक्षेप के बाद गुरुवार को इरशाद, अफसर खान, तब्बू शाह और फरजाना के खिलाफ मारपीट व तोड़फोड़ की धाराओं में मामला दर्ज किया गया। कोलार पुलिस ने अभी तक किसी आरोपित को गिरफ्तार नहीं किया है।
भोपाल पुलिस ने गांजा तस्करी के लिए कुख्यात इतवारा क्षेत्र में शनिवार देर रात बड़ी कार्रवाई की। डीसीपी आयुष गुप्ता के नेतृत्व में ‘मिशन ड्रग फ्री भोपाल’ अभियान के तहत 300 से अधिक पुलिसकर्मियों ने 60 से 70 मकानों में दबिश दी। इस दौरान भारी मात्रा में अवैध गांजा बरामद होने का दावा किया जा रहा है। पुलिस पूरे नेटवर्क और सप्लाई चेन की जांच कर रही है, जिससे कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है। तलाशी और जब्ती की कार्रवाई जारी है।
भोपाल के इतवारा क्षेत्र में पुलिस ने शनिवार देर रात ‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’ और ‘मिशन ड्रग फ्री भोपाल’ अभियान के तहत एक बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया। डीसीपी आयुष गुप्ता के नेतृत्व में 200 से अधिक पुलिसकर्मियों ने 60-70 मकानों में दबिश देकर गुप्त तहखानों और अन्य स्थानों से बड़ी मात्रा में गांजा बरामद किया। पुलिस को संदेह है कि इतवारा से भोपाल और आसपास के जिलों में गांजे की आपूर्ति की जाती थी। नेटवर्क की आगे की जांच जारी है।