मध्य प्रदेश में बाल अपहरण के मामलों में चिंताजनक वृद्धि हुई है, जहां वर्ष 2024 में 11,594 मामले दर्ज किए गए, जो देश में दूसरा सर्वाधिक आंकड़ा है। पिछले पांच वर्षों में इन मामलों में 64 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। देशभर में दर्ज 75,108 मामलों में मध्य प्रदेश की हिस्सेदारी 15 प्रतिशत से अधिक है। हालांकि, बच्चों की बरामदगी में सुधार देखा गया है, वर्ष 2024 में 11,652 बच्चों को जीवित बरामद किया गया। सरकार द्वारा ‘ट्रैक चाइल्ड पोर्टल’, चाइल्ड हेल्पलाइन और ‘ऑपरेशन एएएचटी’ जैसे कई अभियान चलाए जा रहे हैं। मध्य प्रदेश में अब गुमशुदगी पर सीधी FIR दर्ज करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।