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बेगमगंज में बस किराया वृद्धि पर ‘जेन-जी’ का विरोध, एसडीएम को ज्ञापन

बेगमगंज में बस ऑपरेटरों द्वारा यात्री किराए में अचानक भारी वृद्धि किए जाने के खिलाफ ‘जेन-जी’ (जनरेशन ज़ेड) सड़कों पर उतर आई। मंगलवार को सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने रैली निकालकर एसडीएम प्रियंका भलावी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बस ऑपरेटरों द्वारा अचानक बढ़ाए गए किराए का विरोध किया। ज्ञापन में सागर का किराया 80 से 120 रुपये, भोपाल का 150 से 250 रुपये और सुल्तानगंज से बेगमगंज का 25 से 50 रुपये करने का उल्लेख किया गया। छात्रों ने कहा कि दोगुना किराया बढ़ने से गरीब छात्र-छात्राओं की पढ़ाई बाधित हो रही है और उनके भविष्य पर खतरा मंडरा रहा है। उन्होंने किराया समीक्षा और रियायती कार्ड की मांग की।

भोपाल में नर्सिंग छात्रों का प्रदर्शन उग्र, डिप्टी रजिस्ट्रार पर स्याही फेंकी, नकली नोट उछाले

भोपाल में नर्सिंग छात्रों का नर्सिंग काउंसिल के सामने चल रहा अनिश्चितकालीन धरना सोमवार को उग्र हो गया। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने डिप्टी रजिस्ट्रार पर स्याही फेंकी और नकली नोट उछाले। छात्र आठ अगस्त से नर्सिंग शिक्षा में अधिकारियों की लापरवाही और कथित भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन कर रहे हैं। उनकी प्रमुख मांगों में जीएनएम और बीएससी नर्सिंग के लंबित रिजल्ट जारी करना, आगामी परीक्षाएं आयोजित कराना, छात्रवृत्ति प्रदान करना और फैकल्टी मैनेजमेंट सिस्टम लागू करना शामिल है। छात्रों ने मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री और रजिस्ट्रार के इस्तीफे की भी मांग की।

सांदीपनी विद्यालय के छात्रों ने परिवहन सुविधा की मांग को लेकर सड़क पर प्रदर्शन किया

जबलपुर में सांदीपनी विद्यालय पाटन के सैकड़ों छात्रों ने नियमित परिवहन सुविधा की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। स्कूल पाटन बस्ती से करीब 10 किलोमीटर दूर सकरा गांव में संचालित होने के कारण छात्रों को आवागमन में परेशानी होती है। पाटन-जबलपुर रोड पर छात्रों के प्रदर्शन से यातायात बाधित हुआ। एसडीएम मानवेंद्र सिंह और अन्य अधिकारियों ने छात्रों से बातचीत कर जल्द बस सुविधा शुरू करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ। छात्र अब नियमित बस सेवा शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं।

एबीवीपी ने रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय में तीन घंटे धरना दिया, लॉ विभाग की जर्जर छत का मुद्दा उठाया

रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने गुरुवार को कुलगुरु कार्यालय में लगभग तीन घंटे तक धरना प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने कुलगुरु को सात सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर लॉ विभाग की जर्जर इमारत, दो वर्षों से लंबित छात्रवृत्ति, बढ़ी हुई फीस, परीक्षा परिणाम में देरी और एनसीसी इकाई के निलंबन जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। प्रांत मंत्री सुव्रत बांझल ने सुविधाओं की कमी और फीस वृद्धि पर सवाल उठाए, जबकि महानगर मंत्री आर्यन पुंज ने एनसीसी इकाई बहाल करने की मांग की। एबीवीपी ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन तेज किया जाएगा।

थरूर ने माना: पेपर लीक पर कांग्रेस का प्रदर्शन CJP जितना प्रभावी नहीं

कांग्रेस नेता शशि थरूर ने शुक्रवार को स्वीकार किया कि पेपर लीक के मुद्दे पर कांग्रेस का ‘छात्रों की गूंज’ अभियान कॉकरेच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रदर्शन जितना प्रभावी नहीं रहा। उन्होंने मुंबई में एक कार्यक्रम के दौरान यह बात कही और सवाल उठाया कि क्या कांग्रेस छात्रों की नब्ज समझने में नाकाम रही। सीजेपी ने 20 जून से नीट-यूजी 2026 पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन शुरू किया था, जिसे देश का पहला जेन जी प्रदर्शन कहा गया। कांग्रेस के छात्र संगठन एनएसयूआई ने भी 12 मई को दिल्ली में प्रदर्शन किया था, और राहुल गांधी ने 17 जून को ‘छात्रों की गूंज’ अभियान शुरू किया था।

प्राथमिक शिक्षक भर्ती: दस्तावेज सत्यापन नियमों को लेकर विवाद

प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा-2025 में दस्तावेज सत्यापन के दौरान स्कूल शिक्षा विभाग के नियमों को लेकर विवाद उत्पन्न हो गया है। कर्मचारी चयन मंडल की मूल अधिसूचना में डीएलएड और बीएलएड के अंतिम वर्ष के छात्रों को आवेदन की अनुमति थी, बशर्ते उनके दस्तावेज सत्यापन के समय उपलब्ध हों। हजारों छात्रों ने आवेदन किया और 800 का चयन भी हुआ। अब विभाग आवेदन की अंतिम तिथि तक डिग्री पूरी होने की मांग कर रहा है, जिससे कई अभ्यर्थी बाहर हो रहे हैं। अभ्यर्थी इसे नियमों के विपरीत मानकर न्यायालय जाने और प्रदर्शन करने की तैयारी में हैं।

देवास में उपमुख्यमंत्री के सामने छात्रों ने उठाई सड़क निर्माण की मांग, ग्राम सचिव पर धमकाने का आरोप

देवास में उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा के दौरे के दौरान बीसाखेड़ी मॉडल स्कूल के छात्रों ने अपनी जर्जर सड़क की समस्या उठाई। उन्होंने जलोदिया और ढाबला के बीच डेढ़ किलोमीटर सड़क और पुल निर्माण की मांग की, साथ ही ग्राम सचिव पर धमकाने का आरोप भी लगाया। उपमुख्यमंत्री ने सड़क और पुल के निर्माण तथा मामले में कार्रवाई का आश्वासन दिया। सोनकच्छ विधायक राजेश सोनकर ने भी छात्रों से मिलकर समस्या के शीघ्र समाधान का भरोसा दिया और सड़क निर्माण जल्द शुरू कराने का प्रयास करने की बात कही।

देवास के केपी कॉलेज में 30 से अधिक विद्यार्थियों को शून्य अंक व पूरक मिलने पर NSUI का प्रदर्शन

भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) ने देवास के पीएम कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस लीड केपी कॉलेज में बीकॉम प्रथम वर्ष के 30 से अधिक विद्यार्थियों को शून्य अंक व पूरक दिए जाने के विरोध में मंगलवार को प्रदर्शन किया। संगठन ने विश्वविद्यालय स्तर पर शुल्क वृद्धि का भी विरोध किया। छात्र नेताओं ने भोपाल चौराहे से रैली निकालकर प्राचार्य डॉ. रतन सिंह अनारे के कक्ष तक नारेबाजी की। विरोध के दौरान कई कार्यकर्ताओं ने कटोरा लेकर भीख मांगी और एकत्र सिक्के प्राचार्य को सौंपकर कुलपति को भेजने का आग्रह किया।

मध्य प्रदेश में 9 साल बाद छात्रसंघ चुनाव का रास्ता साफ

मध्य प्रदेश में नौ साल बाद छात्रसंघ चुनाव का रास्ता साफ हो गया है। उच्च न्यायालय की सख्ती के बाद राज्य सरकार ने सितंबर 2026 में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए चुनाव कराने का आश्वासन दिया है। विभिन्न राजनीतिक दल इस फैसले का स्वागत कर रहे हैं, कांग्रेस इसे अपने आंदोलन का परिणाम बता रही है, जबकि एबीवीपी ने लोकतांत्रिक अधिकारों की पुनर्स्थापना के रूप में देखा है। कांग्रेस प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी ने 2016-17 के ‘गेट वेल सून’ आंदोलन का जिक्र किया, जिसके दौरान छात्र नेताओं को जेल भी जाना पड़ा था। छात्र राजनीति से मुख्यमंत्री मोहन यादव सहित कई बड़े नेता उभरे हैं।

सुप्रीम कोर्ट ‘संसद चलो’ प्रदर्शन आयोजकों पर कार्रवाई की याचिका पर सुनवाई को सहमत

सुप्रीम कोर्ट ने 20 जुलाई के ‘संसद चलो’ छात्र प्रदर्शन के आयोजकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग वाली याचिका पर सुनवाई के लिए सहमति दी है। याचिकाकर्ताओं ने आयोजकों पर हिंसा भड़काने और भड़काऊ बयान जारी रखने का आरोप लगाया है। इसके अतिरिक्त, याचिका में प्रदर्शन के बाद दर्ज प्राथमिकियों और गिरफ्तारियों के संबंध में एक समान राष्ट्रीय नीति बनाने की मांग की गई है। सोशल मीडिया पर अभद्र सामग्री पोस्ट करने वाले नाबालिगों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई के बजाय न्यूनतम सात दिन की सामुदायिक सेवा कराने की भी अपील की गई है। कोर्ट ने मामले को जल्द सूचीबद्ध करने पर सहमति जताई है।