मध्यप्रदेश विधानसभा में पेश निजी विश्वविद्यालय संशोधन विधेयक-2026 को लेकर सियासत गरमा गई है। कांग्रेस ने विधेयक का कड़ा विरोध करते हुए आरोप लगाया है कि सरकार उच्च शिक्षा का निजीकरण कर उसे उद्योग में बदलना चाहती है। कांग्रेस विधायक डॉ. हीरालाल अलावा ने ₹5 करोड़ सुरक्षा राशि और 2500 वर्गमीटर भूमि की अनिवार्यता खत्म करने पर सवाल उठाए हैं। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने भी इस विधेयक का विरोध करते हुए कहा है कि यह उच्च शिक्षा के व्यापारीकरण को बढ़ावा देगा और गुणवत्ता को प्रभावित करेगा।