कर्नाटक सरकार ने ‘द आर्ट ऑफ लिविंग’ संस्था के खिलाफ सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे के आरोपों की जांच के लिए एसआईटी गठित की है। यह मामला बेंगलुरु के कागलीपुरा गांव से संबंधित है, जहां 290 एकड़ से अधिक गोमाला भूमि पर कब्जे का आरोप है। संस्था को 1985 में लीज पर मिली 41 एकड़ जमीन की अवधि 2015 में समाप्त हो चुकी है, फिर भी कब्जा बरकरार है। आर्ट ऑफ लिविंग ने आरोपों को बेबुनियाद बताया है और जांच का स्वागत किया है।