प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ की 84वीं वर्षगांठ पर राष्ट्रनायकों और अमर सेनानियों को याद किया, कहा उनका साहस प्रेरणा बना रहेगा। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट किया कि महात्मा गांधी के नेतृत्व में ‘भारत छोड़ो’ के आह्वान ने स्वतंत्रता संग्राम में नई ऊर्जा भरी। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि महात्मा गांधी का ‘करो या मरो’ का आह्वान करोड़ों भारतीयों के लिए साहस की आवाज बना। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने इस आंदोलन को स्वतंत्रता संग्राम का निर्णायक अध्याय बताया, जिसकी ‘अगस्त क्रांति’ ने नई चेतना का संचार किया।
केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के साथ असम के शिवसागर जिले में बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। उन्होंने केंद्र सरकार की ओर से राहत, पुनर्वास और पुनर्निर्माण के लिए हर संभव मदद का आश्वासन दिया। नड्डा ने कहा कि राहत कार्यों में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी और केंद्र असम के साथ खड़ा रहेगा। नजीरा की को-डिस्ट्रिक्ट कमिश्नर प्रतिभा मेश्राम ने बताया कि 23 इलाके अभी भी प्रभावित हैं, 4-5 लोग लापता हैं और 26-27 मौतों की पुष्टि हुई है, हालांकि ये आंकड़े बदल सकते हैं।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने पेपर लीक जैसे मुद्दों के राजनीतिकरण पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस पर निशाना साधते हुए कहा कि पेपर लीक का मुद्दा जांच का विषय है और सरकार सच्चाई सामने लाएगी। नड्डा ने राहुल गांधी से विपक्ष शासित राज्यों में हुए पेपर लीक पर चुप्पी पर सवाल उठाए। उन्होंने विभिन्न राज्यों में हुए पेपर लीक के उदाहरण भी दिए। केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि सरकार संसद में इस मुद्दे पर चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है और विपक्ष को समाधान पर ध्यान देना चाहिए।