खंडवा में तीन दिवसीय गुरु पूर्णिमा उत्सव मंगलवार से शुरू होगा, जिसका मुख्य दिवस 29 जुलाई है। उत्सव के मद्देनज़र, मंगलवार रात 12 बजे से श्रीधूनीवाले दादाजी की समाधि पर निशान, फूल और चादर चढ़ाने पर प्रतिबंध रहेगा, निशान गेट नंबर एक पर लिए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को समाधि दर्शन किए। शहर में भंडारों के लिए स्टाल सज गए हैं, और महापौर ने सिंगल यूज प्लास्टिक के बजाय पलाश के पत्तों से बने दोने-पत्तल वितरित किए हैं। धूनीमाई का तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो गया है, जिसके लिए विशेष व्यवस्था की गई है।
खंडवा स्थित श्रीधूनीवाले दादाजी दरबार में गुरु पूर्णिमा 2026 पर 28 से 30 जुलाई तक लगभग चार लाख श्रद्धालु अपेक्षित हैं। शहरभर में 200 से अधिक भंडारों में नि:शुल्क भोजन परोसा जाएगा। इस महोत्सव में पूरा शहर मेजबान बनकर सेवा प्रदान करता है, जिसमें हजारों स्वयंसेवक भोजन, पेयजल, चिकित्सा और यातायात व्यवस्था संभालते हैं। लगभग 100 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा संगमरमर का भव्य मंदिर इस बार का आकर्षण होगा। यह सेवा परंपरा 1930 से चली आ रही है।