वरिष्ठ समाजसेवी अन्ना हजारे ने दिल्ली में छात्रों के विरोध प्रदर्शन का समर्थन करते हुए महाराष्ट्र के अहिल्यानगर में दो घंटे का मौन आंदोलन किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई पर चिंता जताई और मामले में हस्तक्षेप की अपील की। अन्ना हजारे ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि इससे सरकार कमजोर नहीं होगी, बल्कि जवाबदेही बढ़ेगी। उन्होंने सरकार से बल प्रयोग के बजाय छात्रों से सीधे बातचीत कर समाधान निकालने का भी आग्रह किया।
अभिनेत्री कुणिका सदानंद ने दिल्ली में CJP प्रदर्शन के दौरान बच्चे की मौत के दावे को खारिज किया और पुलिस से बहस की। उन्होंने जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन को समर्थन देते हुए पुलिस लाठीचार्ज की आलोचना की। कुणिका ने हिंसा से बचने और शांतिपूर्ण विरोध की अपील की, साथ ही नीट पेपर लीक मामले में सरकार से संज्ञान लेने की मांग की। सोमवार को CJP के संसद मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें हुईं, जिसमें 50 से अधिक पुलिसकर्मी और इतने ही प्रदर्शनकारी घायल हुए। बॉलीवुड भी इस मुद्दे पर बंटा हुआ है।