जबलपुर हाई कोर्ट ने दमोह नगर पालिका द्वारा शहरी क्षेत्र में स्लाटर हाउस पर लगाए गए प्रतिबंध को चुनौती देने वाली जनहित याचिका निरस्त कर दी। कार्यवाहक मुख्य न्यायधीश विवेक रूसिया व न्यायमूर्ति प्रदीप मित्तल की युगलपीठ ने बताया कि इसी विषय से संबंधित याचिका पहले से हाई कोर्ट में लंबित है। कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को नई याचिका दाखिल करने के बजाय लंबित प्रकरण में हस्तक्षेप आवेदन प्रस्तुत करने की स्वतंत्रता दी। यह याचिका दमोह के कसाई मंडी क्षेत्र के निवासियों द्वारा दायर की गई थी, जिसमें नगर पालिका के 29 अप्रैल 2026 के प्रस्ताव को चुनौती दी गई थी।
ग्वालियर में नगर निगम द्वारा 21 नवंबर 2025 से शुरू की गई नई तकनीक की पैच रिपेयरिंग का एक साल तक टिकने का दावा विफल हो गया है। नागपुर की ग्राम इंफ्राटेक कंपनी द्वारा उपयोग किया गया जिपसेट एसफाल्ट मटेरियल सड़कों पर अपनी पकड़ नहीं रख पाया। साढ़े तीन करोड़ रुपये का भुगतान होने के बावजूद टेंडर की शर्तों के मुताबिक उखड़ी हुई पैच रिपेयरिंग को दोबारा ठीक नहीं किया जा रहा है। सरस्वती नगर, बाल भवन रोड सहित 40 से अधिक सड़कों पर पैच रिपेयरिंग उखड़ गई है। नोडल अधिकारी अमित गुप्ता के अनुसार, नमी वाले स्थानों पर दिक्कत आई है और ठेकेदार को दोबारा काम करने को कहा गया है।
सीधी में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने नगर पालिका परिषद क्षेत्र के 9 अत्यंत जर्जर और खतरनाक भवनों को चिन्हित किया है। विभाग ने इन भवनों को मानव निवास के अयोग्य बताया है और कहा है कि इनसे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। मानसून में लगातार बारिश से इनके गिरने का खतरा और बढ़ गया है, जिससे जनहानि की आशंका है। पीडब्ल्यूडी ने नगर पालिका को त्वरित कार्रवाई और ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया शुरू करने की अनुशंसा की है, तथा संबंधित अधिकारियों को प्रतिवेदन की प्रतिलिपि भेजी है।
दैनिक भास्कर ऐप का ‘भास्कर समाधान’ भोपाल में जनसमस्याओं के समाधान में प्रभावी साबित हो रहा है। हाल ही में, नारियल खेड़ा में खराब सड़क की शिकायत के बाद वार्ड-12 में अस्थायी मरम्मत कार्य शुरू हुआ। नेहरू नगर में कई महीनों से बंद पड़ी स्ट्रीट लाइट भी वार्ड-29 के पार्षद देवांशु कसाना के हस्तक्षेप से चालू कर दी गई, जिससे रहवासियों को अंधेरे से राहत मिली। हालांकि, शहर में अभी भी खुले टैंक, बंद स्ट्रीट लाइट, सीवेज और कचरे के ढेर जैसी नई शिकायतें सामने आ रही हैं, जिनके समाधान की आवश्यकता है। यह मंच नागरिकों को सीधे अधिकारियों तक पहुंचने में मदद करता है।