हरदा जिले में नर्मदा घाटी में लगातार हो रही भारी वर्षा के कारण नर्मदा नदी और उसकी सहायक नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। संभावित बाढ़ और जनहानि की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने नर्मदा घाटों पर स्नान और नौकायन पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। यह आदेश 11 अगस्त 2026 को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत जारी किए गए हैं। प्रशासन ने पुलिस बल की तैनाती, बचाव उपकरणों की उपलब्धता और ग्रामीणों को जानकारी देने के निर्देश भी दिए हैं। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
पद्मभूषण डॉ. अनिल प्रकाश जोशी ने इंदौर में ‘क्यों रूठ जाती है प्रकृति’ विषय पर संबोधित करते हुए कहा कि अब पेड़ नहीं, पानी लगाने का समय आ गया है। उन्होंने नदियों को पुनर्जीवित करने और वर्षा जल संचय की आवश्यकता पर जोर दिया। डॉ. जोशी ने बताया कि जल संकट अब देशभर की समस्या है और भारत का ट्रॉपिकल देश होना एक लाभ है। उन्होंने मानवीय हस्तक्षेप के कारण बदलते मौसम, कृषि के नकारात्मक प्रभाव और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बजाय प्राकृतिक बुद्धिमत्ता पर काम करने की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने पहाड़ों पर पर्यटकों की संख्या नियंत्रित करने की भी बात कही।
मध्य प्रदेश के निमाड़ अंचल में दो दिनों से हो रही भारी बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। खरगोन की गोगावां तहसील में 200 मिमी और बुरहानपुर में 150 मिमी बारिश दर्ज की गई। नदी-नाले उफान पर हैं, जिससे खेतों में पानी भर गया और फसलों को नुकसान हुआ। खंडवा में सुक्ता नदी और अजंटी-चाकल्या नाले में फंसे कुल सात लोगों को एसडीईआरएफ और पुलिस की संयुक्त टीमों ने सफल बचाव अभियान चलाकर सुरक्षित निकाला। बुरहानपुर में ताप्ती नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। खरगोन में एक युवक नाले के बहाव में लापता हो गया।