सुप्रीम कोर्ट ने APAAR ID को लेकर महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है, जिसमें स्कूलों को माता-पिता की सहमति के बिना बच्चों की आईडी बनाने से प्रतिबंधित किया गया है। यह निर्णय भुवनेश्वर के माता-पिता द्वारा ओडिशा हाईकोर्ट में दायर याचिका के बाद आया, जिन्होंने सहमति पत्र में इंकार का विकल्प न होने पर आपत्ति जताई थी। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि APAAR ID पूरी तरह स्वैच्छिक है और माता-पिता को सहमति देने या न देने का अधिकार है। याचिका में यह भी मांग की गई कि आईडी न बनवाने वाले छात्रों को किसी भी शैक्षणिक सुविधा से वंचित न किया जाए।