सागर के विशेष न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) ने चार वर्ष पुराने 5 लाख रुपये रिश्वत प्रकरण में तत्कालीन क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त (ईपीएफओ) सतीश कुमार को दोषी ठहराया है। न्यायालय ने उन्हें पांच वर्ष के सश्रम कारावास और पांच लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। यह मामला जून 2022 का है, जब ईओडब्ल्यू सागर ने सतीश कुमार को उनके सिविल लाइन स्थित सरकारी आवास पर 5 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। जांच में पता चला था कि बीड़ी निर्माता फर्म के संचालक से कुल 10 लाख रुपये की रिश्वत पीएफ अनियमितताओं पर कार्रवाई न करने के बदले मांगी गई थी।