राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने बड़ा तालाब, कालियासोत और केरवा डैम में अतिक्रमण के मामले में प्रशासन की जवाबदेही तय की है। एनजीटी ने वेटलैंड, एफटीएल और प्रतिबंधित क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने की पूरी जिम्मेदारी संबंधित एसडीएम और तहसीलदार पर डाली है। कार्रवाई में देरी पर उन्हें व्यक्तिगत रूप से जवाब देना होगा। एनजीटी ने सरकार द्वारा पेश की गई रिपोर्ट से असंतुष्ट होकर तीन सप्ताह के भीतर सभी अवैध निर्माणों की सूची और हटाए गए अतिक्रमण का विस्तृत ब्यौरा शपथपत्र के साथ पेश करने का निर्देश दिया है। अगली सुनवाई 31 अगस्त को है।