नॉर्वे के फुटबॉल खिलाड़ी अर्लिंग हालेंड, जो हालिया वर्ल्ड कप में चौथे सबसे सफल खिलाड़ी रहे, अपनी शानदार परफॉरमेंस का श्रेय मानसिक मजबूती और ‘पॉजिटिव सेल्फ टॉक’ को देते हैं। हालेंड का मानना है कि शरीर में हमारी सोच से कहीं ज्यादा सहने की ताकत होती है और थकान सिर्फ दिमाग का खेल है। खेल मनोवैज्ञानिकों और वैज्ञानिक शोधों ने भी इस बात का समर्थन किया है कि सकारात्मक आत्म-संवाद से एथलीटों की क्षमता में सुधार होता है, क्योंकि दिमाग दर्द को कम महसूस करता है।
जबलपुर के हिमांशु सोनी ने MPPSC 2024 परीक्षा में डिप्टी कलेक्टर का पद हासिल किया है। उन्होंने दिव्यांग कोटे में पहली रैंक और सामान्य मेरिट लिस्ट में 13वीं रैंक प्राप्त की। गंभीर चोट के बावजूद, हिमांशु ने 28 अगस्त को इंदौर में अपना साक्षात्कार एंबुलेंस से पहुंचकर दिया था। वह पहले भी MPPSC 2022 परीक्षा पास कर चुके थे, लेकिन उनका लक्ष्य डिप्टी कलेक्टर बनना था। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय परिवार और आत्मविश्वास को दिया, विशेषकर अपने सेवानिवृत्त शिक्षक माता-पिता को। हिमांशु ने कहा कि दिव्यांगता सफलता में बाधा नहीं बन सकती।