मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने बैतूल-भोपाल राष्ट्रीय राजमार्ग के जंगल क्षेत्र से फोरलेन सड़क निकालने के मामले में राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए), भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई), केंद्रीय सड़क परिवहन विभाग और राज्य सरकार के संबंधित विभागों को संयुक्त बैठक कर रास्ता निकालने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने याचिकाकर्ता की ओर से उठाए गए वन्यजीवों के प्राकृतिक आवागमन में बाधा और सड़क दुर्घटनाओं के खतरे संबंधी मुद्दों पर गौर किया। पूर्व में कोर्ट ने एनटीसीए की 10.