दतिया विधानसभा उपचुनाव की मतगणना के शुरुआती रुझानों में कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह भाजपा के आशुतोष तिवारी से आगे चल रहे हैं। इन शुरुआती रुझानों के कारण राजधानी भोपाल में राजनीतिक माहौल में बदलाव आया है। भाजपा प्रदेश कार्यालय में सन्नाटा पसरा है, जबकि कांग्रेस प्रदेश कार्यालय में कार्यकर्ताओं ने जश्न की तैयारियां शुरू कर दी हैं। कांग्रेस कार्यकर्ता ढोल-धमाकों पर थिरकते हुए खुशी जाहिर कर रहे हैं। इस चुनाव में कुल 21 प्रत्याशी मैदान में हैं, जिनमें भाजपा के आशुतोष तिवारी और कांग्रेस के घनश्याम सिंह प्रमुख हैं। अंतिम परिणाम मतगणना पूरी होने के बाद ही घोषित होंगे।
दतिया विधानसभा उपचुनाव का परिणाम आज घोषित किया जाएगा, जहां शासकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज में सुबह 8 बजे से मतगणना जारी है। सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती हुई, जिसके बाद 8:30 बजे से ईवीएम के मतों की गणना शुरू हुई। मतगणना 15 राउंड में पूरी होगी और दोपहर तक परिणाम स्पष्ट होने की उम्मीद है। मुख्य मुकाबला भाजपा के आशुतोष तिवारी और कांग्रेस के घनश्याम सिंह के बीच है। दोनों दलों ने अपनी-अपनी जीत के दावे किए हैं, और रुझान सुबह 9 बजे से मिलने लगेंगे।
बिहार की बांकीपुर, मध्य प्रदेश की दतिया और गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के नतीजे आज घोषित किए जाएंगे। शुरुआती रुझानों के अनुसार, बांकीपुर में प्रशांत किशोर आगे चल रहे हैं, जबकि मांजलपुर और दतिया में भाजपा ने बढ़त बनाई है। मांजलपुर में भाजपा के सतेंद्रभाई पटेल 12941 वोटों के साथ आगे हैं, वहीं बांकीपुर में प्रशांत किशोर 2225 वोटों से शीर्ष पर हैं। दतिया में पहले राउंड के बाद भाजपा 909 वोटों से आगे रही। इन सीटों पर विधायकों के इस्तीफे, सदस्यता रद्द होने और निधन के कारण उपचुनाव हुए थे।
दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 के लिए रुद्रा रिसर्च का एग्जिट पोल सामने आया है, जिसमें कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह को बढ़त मिलती दिख रही है। भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी दूसरे और आजाद समाज पार्टी के दामोदर यादव तीसरे स्थान पर रहने का अनुमान है। यह उपचुनाव भाजपा के लिए महत्वपूर्ण है, जिसने पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार बनाया था। इस बार 71.44% मतदान दर्ज किया गया, जो 2023 के मुकाबले लगभग 9% कम है। अंतिम परिणाम 3 अगस्त को मतगणना के बाद ही स्पष्ट होंगे।
राज्य अधिवक्ता परिषद के 12 मई को हुए चुनाव में इंदौर के अभिभाषक राकेशसिंह भदौरिया ने प्रथम वरीयता के 3,317 मत प्राप्त कर शीर्ष स्थान हासिल किया है। उन्हें निर्वाचित घोषित किया गया है। यह संभवतः राज्य अधिवक्ता परिषद के 65 वर्ष के इतिहास में पहला अवसर है जब इंदौर के किसी अधिवक्ता ने प्रथम वरीयता की मतगणना में शीर्ष स्थान प्राप्त किया है। भदौरिया को प्रदेश के 248 अधिवक्ता संघों में से 202 संघों के सदस्यों के मत मिले हैं। द्वितीय वरीयता के मतों की गिनती जल्द ही शुरू होगी।