मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग ने जून-जुलाई 2027 में होने वाले नगरीय निकाय और पंचायत चुनावों की प्रशासनिक तैयारियां तेज कर दी हैं। आयोग पंचायतों में पंच और सरपंच पदों का मतदान भी पूरी तरह से इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के जरिए कराने की योजना बना रहा है। यदि यह व्यवस्था लागू होती है, तो यह प्रदेश के इतिहास में पहला अवसर होगा जब स्थानीय निकाय और पंचायत के सभी पदों के चुनाव 100% ईवीएम से संपन्न होंगे। इससे पारदर्शिता बढ़ने और परिणामों की घोषणा में तेजी आने की उम्मीद है।
दतिया विधानसभा सीट के उपचुनाव की मतगणना सोमवार 3 अगस्त को होगी, जिसमें भाजपा और कांग्रेस दोनों ही अपनी जीत के दावे कर रहे हैं। भाजपा ने नए चेहरे आशुतोष तिवारी को उतारा है, जबकि कांग्रेस ने अनुभवी नेता घनश्याम सिंह को मैदान में भेजा है। इस चुनाव में मतदान 71.44 प्रतिशत रहा, जो 2023 की तुलना में नौ प्रतिशत कम है। महिलाओं का मतदान भी 12 प्रतिशत घटा है, जिससे कांग्रेस उत्साहित है। इन परिणामों का पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के राजनीतिक भविष्य पर असर होगा, साथ ही कांग्रेस के संगठनात्मक प्रयासों की भी परीक्षा होगी।
मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट के उपचुनाव में गुरुवार को 71.44% मतदान हुआ, जिसका परिणाम पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा का राजनीतिक भविष्य तय करेगा। भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी की जीत या हार से मिश्रा की आगामी भूमिका निर्धारित होगी। टिकट न मिलने पर उनके समर्थकों ने प्रदर्शन किया, लेकिन मिश्रा पार्टी लाइन पर बने रहे। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा की जीत मिश्रा के लिए नई भूमिका के द्वार खोल सकती है। परिणाम 3 अगस्त को घोषित होंगे, जिससे मिश्रा के 20 हजार से अधिक वोटों से जीत के दावे की पुष्टि होगी या उनकी राजनीतिक पकड़ पर सवाल खड़े होंगे।
दतिया विधानसभा उपचुनाव से पहले भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी ने बुधवार को शहर के विभिन्न वार्डों में घर-घर जाकर जनसंपर्क किया। उन्होंने मतदाताओं से भाजपा के पक्ष में मतदान करने की अपील की और दतिया के समग्र विकास को पार्टी की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। स्थानीय नागरिकों ने पुष्पवर्षा कर उनका स्वागत किया। अभियान में वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता भी शामिल हुए, जिन्होंने भाजपा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उपचुनाव के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, सुबह 10 बजे तक 16.33 फीसदी मतदान हुआ और नतीजे 3 अगस्त को आएंगे।
दतिया विधानसभा उपचुनाव में गुरुवार को दोपहर तीन बजे तक कुल 61 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। ग्रामीण क्षेत्रों में 67 से 70 प्रतिशत, जबकि शहरी क्षेत्रों में 55 प्रतिशत वोट पड़े। उपरायं में 69% और एरई में 66% मतदान हुआ। दोपहर बाद हुई बारिश के बावजूद मतदाताओं का उत्साह कम नहीं हुआ। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे, प्रत्येक केंद्र पर सीआरपीएफ तैनात थी। पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने भाजपा की जीत का दावा किया, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने अपनी जीत का भरोसा जताया।
दतिया विधानसभा उपचुनाव में गुरुवार शाम 6 बजे तक 71.44 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जो शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। निर्वाचन अधिकारियों की 2023 के विधानसभा चुनाव के 79 प्रतिशत मतदान के आंकड़े को पार करने की उम्मीद पूरी नहीं हो सकी। ग्रामीण क्षेत्रों में मतदाताओं का भारी उत्साह देखा गया, जहां अधिकांश केंद्रों पर 67 से 70 प्रतिशत मतदान हुआ, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह 55 प्रतिशत रहा। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और कोई अप्रिय घटना सामने नहीं आई।
दतिया विधानसभा उपचुनाव के लिए चुनाव प्रचार मंगलवार शाम 6 बजे समाप्त हो गया है। मतदान 30 जुलाई को सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक 291 मतदान केंद्रों पर होगा, जिसमें 2.20 लाख से अधिक मतदाता वोट डालेंगे। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, जिसमें 215 माइक्रो ऑब्जर्वर और सीआरपीएफ, मध्यप्रदेश पुलिस व एसएएफ के जवान शामिल हैं। संवेदनशील केंद्रों पर वेबकास्टिंग और सीसीटीवी से निगरानी की जाएगी। होम वोटिंग के तहत 85 मतदाता पहले ही मतदान कर चुके हैं।
दतिया विधानसभा उपचुनाव में प्रचार समाप्त होने के बाद अब मुकाबला घर-घर संपर्क और बूथ प्रबंधन पर केंद्रित हो गया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी के लिए रोड शो किया, वहीं कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने पैदल जनसंपर्क किया। लगभग 2.20 लाख मतदाताओं वाले इस क्षेत्र में जातीय समीकरण, खासकर कुशवाहा और यादव समाज का रुख, तथा प्रभावी बूथ प्रबंधन चुनावी परिणाम तय करने वाले प्रमुख कारक माने जा रहे हैं। भाजपा 2023 की हार को टालने और कांग्रेस घनश्याम सिंह की छवि व स्थानीय मुद्दों पर निर्भर है। मतदान 30 जुलाई को होगा।
दतिया विधानसभा सीट पर 30 जुलाई को उपचुनाव के लिए मतदान होगा, जिसके परिणाम 3 अगस्त को घोषित किए जाएंगे। यह उपचुनाव कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की धोखाधड़ी मामले में सदस्यता रद्द होने के कारण हो रहा है। भाजपा ने आशुतोष तिवारी को मैदान में उतारा है, जबकि कांग्रेस से घनश्याम सिंह उम्मीदवार हैं। 291 मतदान केंद्रों पर कुल 2 लाख 20 हजार 410 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। प्रचार का शोर थमने के बाद अब घर-घर दस्तक अभियान पर जोर दिया जा रहा है।
दतिया विधानसभा उपचुनाव के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं, जिसमें 30 जुलाई को मतदान और 3 अगस्त को मतगणना होगी। कुल 2,20,344 मतदाता 21 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। बीजेपी के आशुतोष तिवारी और कांग्रेस के घनश्याम सिंह के बीच मुख्य मुकाबला है। कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त होने के कारण यह उपचुनाव हो रहा है। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, और निर्दलीय प्रत्याशी कन्छेदीलाल कुशवाह ने बीजेपी को समर्थन दिया है।