मध्य प्रदेश और करौली पुलिस ने शिवपुरी स्थित नरवर किले से चोरी हुई लगभग 400 साल पुरानी तोप की तलाश में एक संयुक्त अभियान शुरू किया है। खुफिया सूचना पर राजस्थान के करौली जिले के हिंडौन सिटी के गांवड़ा मीणा गांव में जेसीबी मशीनों से खुदाई कर तलाशी जारी है। इस अभियान में 50 से अधिक पुलिसकर्मी शामिल हैं। जांच एजेंसियों को संदेह है कि चोरों ने तोप को अष्टधातु का मानकर निशाना बनाया, जिसमें सोना छिपा होने की संभावना थी। यह घटना किले में तीन महीने पहले हुई एक अन्य वारदात से जुड़ी है, जिसमें खजाना खोजने वालों ने 20 फीट गहरी सुरंग खोदी थी।
मध्य प्रदेश पुलिस की कार्यवाहक उप निरीक्षक पदोन्नति सूची में दिवंगत पुलिसकर्मी राकेश सिंह बघेल का नाम शामिल होने से विभागीय लापरवाही उजागर हुई है। पिछले वर्ष बीमारी के कारण निधन के बावजूद उनका नाम सूची में होने से रिकॉर्ड सत्यापन प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठे हैं। इस सूची में 2035 पुलिसकर्मियों को कार्यवाहक उप निरीक्षक (एएसआई से कार्यवाहक एसआई) के पद पर पदोन्नति दी गई थी। इस प्रशासनिक चूक के सामने आने के बाद पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली और रिकॉर्ड सत्यापन प्रक्रिया पर प्रश्नचिन्ह लग गया है।
पन्ना के रैपुरा थाना क्षेत्र में हुए नन्नू सोनी हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मृतक की पत्नी अर्चना और उसके पहले पति रामप्रताप सोनी को गुजरात के सूरत से गिरफ्तार किया गया। दोनों एक साल से फरार थे। पुलिस के अनुसार, अर्चना अपने दूसरे पति नन्नू पर जमीन बच्चों के नाम करने का दबाव बना रही थी, जिसके चलते उन्होंने हत्या की साजिश रची। आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस ने आठ राज्यों में तलाशी अभियान चलाया था।
मध्य प्रदेश में ‘चड्डी-बनियान गिरोह’ की सक्रियता फिर से बढ़ गई है। हाल ही में भोपाल के आईपीएस स्कूल से गिरोह ने 3.92 लाख रुपये की फीस चोरी की, जबकि परिसर में चार नाइट गार्ड मौजूद थे। इससे पहले कटनी में भी स्वर्ण व्यवसायी की दुकान में डकैती का प्रयास किया गया था। यह गिरोह भारत का एक कुख्यात और संगठित आपराधिक समूह है, जो वारदात के समय चड्डी-बनियान पहनकर शरीर पर तेल लगा लेता है। ये 5 से 15 के समूह में हथियारबंद होकर रेकी के बाद आधी रात में सूने मकानों और दुकानों को निशाना बनाते हैं। यह गिरोह महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और हरियाणा सहित कई राज्यों में सक्रिय रहा है।
इंदौर में बिजली कंपनी के एक सब इंजीनियर के खिलाफ लोकायुक्त ने कार्रवाई की है। प्रारंभिक जांच में उनके बेटे, बहू और रिश्तेदारों के नाम पर ट्रांसफार्मर निर्माण की कई इकाइयां मिली हैं। आरोप है कि प्रभाव का इस्तेमाल कर इन फर्मों को बिजली कंपनी के ठेके दिलवाए जाते थे। लोकायुक्त अब इन फर्मों की हिस्सेदारी और सरकारी ठेकों से जुड़े दस्तावेजों का मिलान कर रही है। मध्य प्रदेश में वर्ष 2026 के पहले छह माह में लोकायुक्त ने 33 ट्रैप और भ्रष्टाचार के प्रकरण दर्ज किए हैं, जिसमें राजस्व विभाग सबसे आगे है।
शहडोल में करोड़ों रुपये की कथित निवेश ठगी के मामले में बुढ़ार पुलिस ने दो महीने बाद एफआईआर दर्ज की है। जीएनएस फाइनेंशियल सर्विस प्राइवेट लिमिटेड पर निवेशकों को अधिक मुनाफे का लालच देकर ठगी करने का आरोप है। पुलिस अधीक्षक संजय कुमार अग्रवाल ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और निष्पक्ष विवेचना के लिए विशेष जांच टीम गठित की है। गोपालपुर करकटी निवासी मगनयन सिंह की शिकायत पर यह कार्रवाई हुई है, जिसमें कंपनी संचालकों पर ग्राहकों के डीमैट खातों में अनाधिकृत ट्रेडिंग से नुकसान पहुंचाने का भी आरोप है। पुलिस अब दस्तावेजों और वित्तीय लेन-देन की जांच कर रही है।