BREAKING NEWS

Latest News

भरण-पोषण तय करने से पहले पति-पत्नी की आय का पूर्ण आकलन अनिवार्य: MP हाई कोर्ट

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण आदेश में स्पष्ट किया है कि भरण-पोषण मामलों में पति-पत्नी की वास्तविक आय, संपत्ति, खर्च और वित्तीय दायित्वों का पूर्ण आकलन किए बिना मेंटेनेंस तय नहीं किया जा सकता। न्यायमूर्ति द्वारिकाधीश बंसल की एकलपीठ ने दमोह फैमिली कोर्ट के 15 हजार रुपये प्रतिमाह भरण-पोषण के आदेश को निरस्त कर मामला पुनः सुनवाई के लिए वापस भेज दिया। कोर्ट ने प्रदेश की सभी फैमिली कोर्टों को निर्देश दिए कि भविष्य में प्रत्येक भरण-पोषण आदेश में सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन का पालन सुनिश्चित किया जाए।